राजस्थान शिक्षा व्यवस्था की पोल खुल गई है। ऐसा हम नहीं कह रहे हैं, यह 10वीं की परीक्षा के पेपर से नजर आ रहा है। दसवीं के अंग्रेजी पेपर में काफी वर्तनी की गलतियां पाई गई हैं।
बता दें कि जयपुर के स्कूलों में पढ़ने वाले दसवीं के बच्चों को दिए गए इस पैसेज में कई वर्तनी की गलतियां पाई गई हैं। उदाहरण के लिए, पैसेज में लिखा,”modi served as the chief minister of gujarat for four terms ….. as a spoker he is known as a croad -puller. he is the most sovy political leader of india. आप देख सकते हैं कि इस पैसेज में अंग्रेजी वर्तनी की कई गलतियां हैं। जैसे -spoker ,croad -puller. इस मामले ने वसुंधरा सरकार की शिक्षा व्यवस्था और शिक्षा विभाग के अधिकारियों पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
पीएम मोदी को पाठ्यक्रम में शामिल करने से गहराया विवाद-
राजस्थान के वसुंधरा राजे सरकार में दसवीं में पढ़ने वाले बच्चों के पाठ्यक्रम में परीक्षा के दौरान अंग्रेजी के प्रश्न-पत्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर एक मैसेज दिया गया था और उस पर आधारित कुल 7 सवाल पूछे गए थे। इसके बाद, सूबे की राजनीति गरमा गई है। राजस्थान कांग्रेस के अध्यक्ष सचिन पायलट ने आरोप लगाया कि स्कूल पाठ्यक्रम में बदलाव करने का साफ़ मकसद है, भाजपा अपनी विचारधारा सभी बच्चों पर थोपना चाहती है।
केंद्र सरकार अब दागी विधायकों और सांसदों पर चल रहे आपराधिक मामलों का निबटारा करने के लिए ठोस कदम उठाने जा रही है। इसके लिए मोदी सरकार 12 विशेष अदालतें बनाने जा रही है, जो कि जल्द से जल्द सांसदों और विधायकों पर चल रहे आपराधिक मामलों का फैसला करेगी।
बता दें कि इन 12 विशेष अदालतों में करीब 1571 आपराधिक मामलों पर सुनवाई होगी। यह सब मामले 2014 तक सभी नेताओं के द्वारा दायर हलफनामे के आधार पर हैं। सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार इन विशेष अदालतों को इन मामलों का निबटारा 1 साल के अंदर करना है। कानून मंत्री रवि शंकर प्रसाद के हलफनामे में इस बात की पुष्टि हुई है।
पहले सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग से इन आपराधिक सांसद और विधायकों के खिलाफ आजीवन प्रतिबंद की मांग की थी, बाद में केंद्र सरकार ने इस मांग को खारिज करते हुए 6 साल के लिए बैन को लागू रखने को कहा था।
सरकार से सुप्रीम कोर्ट ने गुजरात चुनाव से ठीक पहले इन दागी विधायकों और सांसदों के खिलाफ स्पेशल कोर्ट स्थापित करने का प्लान पेश करने को कहा था। बता दें कि हाल ही में एडीआर ने 4856 विधायकों और सांसदों के हलफनामे का अध्ययन किया था, जिसमें एडीआर ने दागी नेताओं को लेकर कई खुलासे किए थे।
अध्ययन के अनुसार
ऐसे 51 विधायक हैं, जिन्होंने महिलाओं के खिलाफ अपराध कबूला है, जिसमें 3 सांसद और 48 विधायक हैं।
334 ऐसे विधायक हैं, जिनका महिलाओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज है, लेकिन उनको कई राष्ट्रीय और क्षेत्रीयों पार्टी से टिकट मिला था। इस रिपोर्ट के अनुसार, महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा दागी जनप्रतिनिधि हैं, वहीं दूसरे नंबर पर ओडिशा और पश्चिम बंगाल है।
दंगल अभिनेत्री जायरा वसीम से छेड़छाड़ मामले में एक नया मोड़ सामने आया है। आरोपी विकास सचदेवा के वकील हरमिंदर आनंद ने अपने मुवक्किल पर पॉस्को की धाराएं गलत तरीके से लगाने का दावा किया है।
आरोपी विकास सचदेवा के सपोर्ट में एक सहयात्री ने अपना बयान पुलिस को देते हुए कहा है कि मैं भी उसी क्लास में बैठा था, जिसमें एक्टर जायरा वसीम और आरोपी सचदेवा सफर कर रहे थे। मुझे नहीं लगता है कि आरोपी ने आर्मरेस्ट पर अपना पैर रखने के अलावा कुछ भी गलत किया था। उन्होंने कहा कि मैंने देखा कि जैसे ही विमान दिल्ली से उड़ान भरी, सचदेवा अपनी सीट पर बैठने के बाद सो गया, उसकी गलती ये थी कि उसने आर्मरेस्ट पर पांव रखा था, जो कि गलत है। इसके अलावा मैंने उसे कोई गलत व्यवहार करते हुए नहीं देखा। जब जायरा आरोपी के बर्ताव पर गुस्सा करके चिल्लाई, तो सचदेवा ने उनसे माफ़ी भी मांगी और फ्लाईट लैंड होने तक मामला निपट भी चुका था।
बता दें कि अदालत में पॉस्को के तहत लगे इस सेक्सुअल अज़ाल्ट पर जमकर बहस हुई। वहीं, वकील हरमिंदर आनंद ने दावा किया कि यदि एक सोता हुआ शख्स आर्मरेस्ट पर पैर रखता है, तो ये सेक्सुअल अज़ाल्ट नहीं है। उन्होंने तर्क दिया कि पॉस्को एक्ट की धारा-7 में सेक्सुअल अज़ाल्ट यानि आरोपी द्वारा पीड़ित के निजी अंगों को छूना, जबकि इस मामले में ऐसा नहीं हुआ है, आरोपी ने केवल गर्दन और कंधों को गलती से छुआ है, जो आरोपी की यौन मानसिकता को नहीं दर्शाता और न ही इसका जिक्र एफ़आईआर में हुआ है।
इस मामले में जम्मू-कश्मीर के निजी चैनल की एंकर जागृति शुक्ला ने नवप्रवाह डॉट कॉम से हुई बातचीत में स्पष्ट किया कि अगर आपको कोई छेड़ता है, तो सबसे पहले आप उसका विरोध करते हैं, न कि आप उस घटना की फोटो खींचने की कोशिश करते हैं। इस पूरे मामले में जागृति ने यह भी कहा कि यही नहीं, ज़ायरा यात्रा समाप्त करती हैं और उसके बाद सीधे सोशल साईट पर लाइव होकर अपना दर्द बयान करने लगती हैं। यह आश्चर्यचकित कर देने वाली बात है कि उन्होंने हवाई जहाज़ में तथाकथित कृत्य की शिकायत केबिन क्रू से नहीं की। इन सबसे यह सिद्ध हो जाता है कि यह पूरी तरह से पब्लिसिटी स्टंट था।
जागृति ने इसी मसले पर बात करते हुए सोनम कपूर के जवाब को भी लपेटा। उन्होंने कहा कि अभिव्यक्ति की आज़ादी सबको है, लेकिन वह वाजिब होना चाहिए। सोनम कपूर मेरे वक्तव्य से इत्तेफाक नहीं रखती हैं, तो उन्हें मेरी बातों का विरोध करने के साथ इतनी क्षमता भी रखनी चाहिए कि वे मेरे जवाब को सुन सकें, जबकि उन्होंने अपनी बात रखने के बाद मुझे तुरंत ब्लाक कर दिया। जागृति ने कहा कि दरअसल इंडस्ट्री के लोग मेरी बातों का जवाब नहीं देते और लॉबिंग शुरू कर देते हैं।
कर्नाटक के जामा मस्जिद में विश्व हिन्दू परिषद एवं अन्य हिन्दू प्रदर्शनकारियों द्वारा तोड़फोड़ की गई और मस्जिद के बाहर स्थित दुकानों में आग लगा दी गई। बताया जा रहा है कि कर्नाटक के कन्नड़ जिले सिरसी में यह हिंसा दो समुदायों के बीच हुई थी, जो कि अब साम्प्रदायिक मोड़ ले चुकी है।
बता दें कि संघ कार्यकर्ता परेश मेस्टा के कई दिनों से गायब होने के बाद 1 दिसंबर को उनकी लाश शहर के झील से बरामद हुई। संघ कार्यकर्ता की हत्या के बाद से ही विश्व हिन्दू परिषद एवं हिन्दू समुदायों में आक्रोश का माहौल था, जिसके चलते बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने 12 दिसंबर को राजभवन मार्च किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल वैजूभाई वाला से विरोध प्रदर्शन के जरिये संघ नेता परेश मेस्टा की हत्या के मामले को राष्ट्रीय जांच एजेंसी द्वारा जांच कराने की मांग की।
इलाके में फैले तनाव को देखते हुए बड़ी संख्या में पुलिस बल को तैनात कर दिया गया है। इस मामले पर कर्नाटक कांग्रेस के अध्यक्ष दिनेश गुंडु राव ने आरोप लगाया है कि बीजेपी और संघ परिवार मिलकर राज्य में अशांति और दंगा फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। संघ कार्यकर्ता परेश मेस्टा की हत्या के मामले में पुलिस जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करेगी।
एक बार फिर कांग्रेस और सपा गठबंधन में दरार आ सकती है। सपा के संरक्षक मुलायम सिंह यादव इस दरार को गठबंधन में लेकर आएंगे। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जीवन पर आधारित एक किताब प्रकाशित हुई है। इस किताब का नाम “मोदी द ग्लोबल लीडर” है। इसी किताब के जरिये मुलायम सिंह यादव ने नरेंद्र मोदी की खूब तारीफ की और यह अब कांग्रेस को गुजरात चुनाव में महंगा पड़ने वाला है।
इस किताब के जरिए मुलायम सिंह यादव ने कांग्रेस पार्टी पर हमला बोलते हुए कहा कि घोटाला और घपले करना कांग्रेस का इतिहास रहा है। मुलायम ने आगे कहा कि आजाद हिंदुस्तान में पहले घोटाला जवाहरलाल नेहरू सरकार में हुआ था, जब सेना के लिए जीप खरीदी गई थी। रिश्वतखोरी के कारण भारतीय सेना को घटिया स्तर की जीपें मीली थी। बाद में इन जीपों को उस समय के सेना प्रमुख ने लेने से साफ़ इंकार कर दिया था, जिसके कारण वह जीपें ऐसे ही पड़े-पड़े सड़ गईं थी।
आगे मुलायम ने कहा कि हमारा मोदी के साथ वैचारिक मतभेद हमेशा होगा, लेकिन हमने मोदी के अच्छे कामों की हमेशा तारीफ की है। मोदी की तारीफ करते हुए मुलायम ने आगे कहा कि मोदी की नियत औरनीति दोनों ठीक है। हमें पूरा यकीन है कि मोदीजी, कभी भी देश के मान सम्मान पर कोई दाग नहीं लगने देंगे। आगे मुलायम ने कहा कि मोदी दृढ़इच्छा शक्ति वाले नेता हैं और वे हमेशा देश को प्रगति की ओर ले जाएंगे।
मुलायम के इस प्रकार के बयान से अब कांग्रेस और सपा के गठबंधन में दरार पड़ सकती है, जिसके कारण 2019 के लोकसभा चुनाव में सपा-कांग्रेस के गठबंधन न होने का सीधा फायदा भाजपा को मिलेगा।
आतंकवादी संगठन इस्लामिक स्टेट ने अपने मैगज़ीन में कश्मीरियों को भड़काने के लिए एक आर्टिकल लिखा है। इस आर्टिकल में आईएसआईएस ने कश्मीर के लोगों से कहा है कि आप लोग कश्मीर की लड़ाई को एक बार फिर शुरू करें और इस लड़ाई के बीच आनेवाले सभी हिंदुस्तानी और पाकिस्तानी सैनिकों के सिर कलम कर दें।
बता दें कि टीओआई के मताबिक, आतंकी संगठन आईएसआईएस ने रुमैया नाम की मैगज़ीन में लिखा है कि कश्मीर के मुसलमान खलीफा की तरह एक बार और कश्मीर की आजादी के लिए जंग की शुरुआत करें। इस लड़ाई में अगर भारत और पाकिस्तान के सैनिक बीच में आते हैं, तो उनका सर कलम कर दें। यह आर्टिकल उर्दू भाषा में प्रकाशित हुआ है। कश्मीर के आईएसआईएस समर्थित मीडिया समूह “अल फरार” ने एक टेलीग्राम पोस्ट के द्वारा कश्मीरी जनता को भड़काने की कोशिश की है। दिसंबर के इस टेलीग्राम पोस्ट में कश्मीरी लोगों से कहा गया है कि आप लोग भारतीय और पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी रॉ और आईएसआई के बहकावे में आकर बेवकूफ न बनें।
आगे इस पोस्ट में कश्मीरी लोगों से कहा गया है कि इससे पहले कि ये भेड़िए आप पर हमला करें, उससे पहले आप इनके सर कलम कर दें। आगे उन्होंने, कश्मीरियों को आईएसआईएस के प्रमुख अबू अल बकर बगदादी के प्रति ईमानदार और निष्ठावान रहने को कहा है। आईएसआईएस के मुताबिक पाकिस्तान और हिंदुस्तान दोनों देश 1947 से कश्मीर की जनता के साथ ना इंसाफ़ी कर रहें हैं।
भगोड़े उद्योगपति विजय माल्या के प्रत्यर्पण से जुड़े मामले की सुनवाई के दौरान लन्दन की एक अदालत में माल्या के एक वकील ने कहा कि भारत के जजों पर सरकारी दबाव है, वहीं पाकिस्तान के जज ज्यादा तटस्थ होते हैं। माल्या के वकीलों ने भारत की न्याय व्यवस्था, जजों और मीडिया के निष्पक्षता पर सवाल उठाए। माल्या के वकीलों ने कहा कि विजय माल्या का भारत में “फेयर ट्रायल” नहीं हो सकता है।
बता दें कि 61 साल के भगोड़े उद्योगपति विजय माल्या पर देश के अलग-अलग बैंकों से 9000 करोड़ रुपयों का कर्ज न चुकाने का आरोप है। इसके अलावा भगोड़े उद्योगपति माल्या पर धोखाधड़ी और जालसाजी का आरोप है। इन दिनों भारतीय कानून के शिकंजे से बचने के लिए विजय माल्या काफी समय से लन्दन में रह रहा है और अब माल्या के प्रत्यर्पण की कोशिशें जारी हैं।
सोमवार को माल्या के वकील क्लारे मॉन्टनगोमरी और मार्टिन लाउ ने सुनवाई के दौरान भारतीय जजों पर ही सवाल खड़े कर दिए। उनका कहना था कि भरता के अदालतों के जज सरकार के दबाव में भी फैसला देते हैं, क्योंकि उनको रिटायरमेंट के बाद सरकारी सुविधाएं या फिर कोई सरकारी पद प्राप्त हो सके। आगे माल्या के वकीलों ने कहा कि भारत में आपराधिक न्याय व्यवस्था भ्रष्टतम स्तर पर है। माल्या के वकीलों को लगता है कि विजय माल्या का भारत में फेयर ट्रायल नहीं हो सकता है।
आगे इस मामले की सुनवाई के दौरान विजय माल्या के वकीलों ने भारत के पूरे न्याय व्यवस्था, जजों और मीडिया पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि भारत में भगोड़े उद्योगपति विजय माल्या को इंसाफ नहीं मिल सकता है।
कश्मीर में बर्फबारी शुरू हो गयी है, तो वहीं दिल्ली-एनसीआर में बारिश की वजह से ठंड बढ़ने के आसार हैं। कश्मीर में बर्फबारी से कई जगह रफ्तार थम गयी है। गुलमर्ग, सोनमर्ग, पहलगाम और पीरपंजाल की पहाड़ियों में स्नो फॉल से पूरा इलाका बर्फ की सफेद चादर से ढंक गया है।
जम्मू-कश्मीर के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हुई तो मैदानी इलाकों में जमकर बारिश हुई है। बारिश और बर्फबारी से ठंड और बढ़ गई है। बर्फबारी के बाद यहां टूरिस्टों की संख्या बढ़ने का अनुमान है।
कश्मीर और हिमाचल में बर्फबारी का असर दिल्ली-एनसीआर में देखने को मिला। यहां सोमवार को अचानक हुई बारिश से पारा लुढ़क गया और तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। मौसम विभाग के अनुसार, कुछ दिन इसी तरह का मौसम बने रहने के आसार हैं।
दिल्ली में सोमवार को दिन में न्यूनतम तापमान सामान्य से एक डिग्री सेल्सियस नीचे 8.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जबकि अधिकतम तापमान औसत से एक डिग्री सेल्सियस अधिक 24.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। आनेवाले दिनों में दिल्ली में और उसके आसपास के इलाकों में सर्दी का सितम और बढ़ेगा, हालांकि राहत की बात ये है कि बारिश की वजह से दिल्ली में पॉल्यूशन थोड़ा कम ज़रूर होगा।
बीजेपी और कांग्रेस, दोनों ने ही गुजरात विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के चुनाव प्रचार के आखिरी दिन अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। मंगलवार को राहुल गाँधी ने सुबह की शुरुआत भगवान जगन्नाथ के दर्शन से की और दोपहर में प्रेस कॉन्फ्रेंस भी करेंगे।
पीएम नरेंद्र मोदी ने अपने चुनाव प्रचार को नई ‘ऊंचाई’ देते हुए साबरमती रिवर फ्रंट से धरोई डैम के अंबाजी मंदिर तक सी-प्लेन से उड़ान भरी और अंबाजी मंदिर में पूजा-अर्चना की। पीएम मोदी ने पिछले हफ्ते कई चुनावी रैलियां कर गुजरात विधानसभा चुनाव का रुख बदलने की कोशिश की है। उन्होंने, गुजरात में राम मंदिर और सुप्रीम कोर्ट में सुन्नी वक्फ बोर्ड की ओर से कपिल सिब्बल द्वारा अयोध्या मसले पर सुनवाई टालने की मांग पर सवाल उठाया है।
बीजेपी ने योगी आदित्यनाथ के लिए जो यात्रा कार्यक्रम बनाया है, उनमें 16 रैलियां और 25 किलोमीटर का रोड शो है। बड़ी बात है कि ये 16 रैलियां और एक रोड शो योगी आदित्यनाथ मात्र 48 घंटे में करेंगे। गुजरात चुनाव के लिए बीजेपी ने योगी आदित्यनाथ को स्टार प्रचारक बनाया है, इसके पीछे बड़ा कारण एक यह भी है कि वह गुजरात के विसनगर नाथ संप्रदाय से भी जुड़े हैं। बीजेपी सूत्रों ने बताया कि पिछले साल विसनगर स्थित मठ के जो महंत गुलाबनाथ बने हैं, वह योगी के गुरुभाई हैं।
मोदी और राहुल गांधी के बीच मेहसाणा में कड़ी टक्कर है। बीजेपी कुछ इलाकों पर खास ध्यान देना चाहती हैं, जिसमें प्रधानमंत्री का गृह जनपद वडनगर शामिल है। योगी का भाषण आतंकवाद और कांग्रेस सरकार के दौरान भारत में हुए आतंकवादी हमले पर आधारित होगा। योगी भाषण में जीएसटी और नोटबंदी को भी शामिल करेंगे, जिसमें वह बताएंगे कि नोटबंदी ने आतंकवाद को खत्म किया है।