राजेश सोनी | Navpravah.com
केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने आज देश के सामने बताया कि चीन के साथ चल रहे डोकलाम विवाद के बाद सशस्त्र सीमा बल(एसएसबी) ने अपने आप को और मजबूत किया है। इसके लिए एसएसबी ने सीमा पर अतिरिक्त चौकियों का निर्माण किया है।
गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने सशस्त्र सीमा बल की 54वीं स्थापना दिवस परेड के दौरान सीमा प्रहरियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि एसएसबी सिर्फ नेपाल और भूटान के साथ भारत की सीमा की रक्षा ही नहीं करती, बल्कि अपने सभी पड़ोसी देशों के साथ मधुर संबंध ख़राब नहीं होने देती है। उन्होंने आगे कहा कि पिछला वर्ष एसएसबी के लिए शानदार रहा है। एसएसबी द्वारा चलाए जा रहे उग्रवाद और नक्सली विरोधी अभियान की गृहमंत्री राजनाथ ने सराहना की। राजनाथ ने आगे कहा कि सीमा क्षेत्रों से निकट रहने वाले लोगों को भारत की रणनीतिक संपत्ति माना जाना चाहिए।
राजनाथ ने से जब पड़ोसी मुल्कों से रिश्ते के बारे में सवाल पूछा गया, तो उन्होंने जवाब दिया कि विश्वास बहाली के कदम उठाए जा रहे हैं और यह लगातार चलने वाली प्रक्रिया है। यह हमेशा चलती है और इसे हमेशा चलते रहना चाहिए।
डोकलाम विवाद: एसएसबी को लेकर गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कही ये बड़ी बात
तोहफे देकर गए सीएम, छीन ले गए अधिकारी
सौम्या केसरवानी। Navpravah.com
सीएम शिवराज सिंह चौहान 9 दिसंबर को एक कार्यक्रम में कुछ तोहफे देकर गये थे, लेकिन जैसे ही सीएम इस कार्यक्रम से वापस गये, कुछ अधिकारियों ने ग्रामीणों से सीएम के दिये तोहफे छीन लिये।
समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार, 9 दिसंबर को मध्य प्रदेश के शिवपूरी में सहरिया सम्मेलन का आयोजन किया गया था, इस कार्यक्रम में सीएम गये थे। कार्यक्रम में सीएम ने आदिवासी बालिकाओं का ना सिर्फ सम्मान किया, बल्कि उन्हें 2100 रुपये, कपड़े और कुछ दूसरे गिफ्ट भी दिये थे।
शिवराज सिंह चौहान मध्य प्रदेश में लड़कियों के बीच काफी लोकप्रिय हैं। सीएम खुद को एमपी की बेटियों का ‘मामा’ भी कहते हैं। लेकिन इस कार्यक्रम के बाद गांव वालों ने कहा कि सीएम जैसे ही कार्यक्रम से वापस गये, अधिकारियों ने सारे गिफ़्ट ले लिये।
शिवपूरी के कलेक्टर ने कहा, सीएम ने बच्चियों को मात्र 100 रुपये दिये थे, ना कि 2100 रुपये। इसके अलावा गिफ्ट के तौर पर स्वेटर भी दिया गया था, लगता है गांव वालों को कार्यक्रम के बारे में समझने में कुछ भूल हुई है।
इधर मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में गरीबी रेखा से नीचे के परिवारों के घर के बाहर लिखे संदेश ‘मेरा परिवार गरीब है’ को मिटाया जा रहा है। वहाँ रह रहे आदिवासियों ने मंगलवार को मीडिया से कहा कि सोमवार की रात को कई लोग आए थे और उन्होंने घरों के बाहर लिखे संदेश को न सिर्फ मिटाया, बल्कि उसके ऊपर सफेद रंग भी पोत दिया।
भारतीयों ने पाकिस्तान की पुलिस वेबसाइट को किया हैक, और लिखा, “वंदे मातरम”
सौम्या केसरवानी। Navpravah.com
भारतीय मूल के एक हैकर समूह ने कल कराची पुलिस की वेबसाइट हैक कर ली। हैकर्स ने उनकी साइट पर जाकर वंदे मातरम लिख दिया। साइट जितनी देर हैक रही, उस दौरान उस साइट पर भारत का राष्ट्रीय गीत भी बज रहा था।
कराची पुलिस विभाग को जब इस बारे में पता लगा, तो वहां खलबली मच गई। काफी परेशानियों के बाद शाम तक साइट को सही किया गया। पिछले साल पाकिस्तान के हैकर्स ने इसी तरह भारत की कुछ साइटें हैक कर ली थीं, जिन पर तब पाकिस्तानी सेना के गाने बजाए गए थे।
कराची पुलिस की साइट हैक करने वालों ने खुद को ‘मल्लू साइबर सोल्जर्स’ बताया था। उन्होंने साइट पर वंदे मातरम के साथ लिखा, “हैक्ड बाय D3VIL S3C और हम भारत से प्यार करते हैं।”
भारत के हैकर्स पिछले साल लाहौर हाईकोर्ट की साइट को भी दो बार हैक कर चुके हैं। जबकि, इससे पहले पाकिस्तान के हैकर्स ने रायपुर स्थित नेशन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी की साइट हैक की थी।
बलात्कारी बाबा वीरेंद्र देव के फर्रुखाबाद अाश्रमों पर पड़े छापे
एनपी न्यूज़ डेस्क| Navpravah.com
बलात्कार के आरोपों से घिरे बाबा वीरेन्द्र देव दीक्षित की मुश्किलें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। आज सुबह पुलिस ने उनके फर्रुखाबाद जिले के आश्रमों पर छापा मारा है। अपर पुलिस अधीक्षक त्रिभुवन अपने पुलिस साथियों के साथ आज सुबह 7:00 बजे बाबा वीरेंद्र देव के सिकंदर बाग आश्रम पर पहुंचे। पुलिस को मुख्य गेट बंद मिला, लेकिन पुलिस की सख्ती पर मुख्य गेट का ताला तो खुल गया।
पुलिस के आश्रम के अंदर घुसने पर पुलिस ने अंदर जाकर कमरों के ताले तोड़े और सर्च अभियान चलाया। आश्रम में संवासिनियों से पूछताछ की गई, जिसमें उन्होंने पुलिस को आश्रम के बारे में जानकारी दी। यह सर्च अभियान 2 घंटे तक चला। आश्रम में एक युवती और सात महिलाएं मिली हैंं, पुलिस मजिस्ट्रेट के सामने इनके बयान कराएगी, युवती कुशीनगर की रहने वाली है।
बाबा के कंपिल आश्रम पर सीओ कायमगंज नरेश कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने छापा मारा। यहां संवासिनियों ने काफी देर तक मुख्य गेट का ताला नहीं खोला। पुलिस ने कड़ाई की तो संवासिनियों का विरोध झेलना पड़ा। इस आश्रम में पुलिस को 38 महिलाएं और 14 पुरुष मिले हैं।
इससे पहले दिल्ली के रोहिणी के आध्यात्मिक विश्व विद्यालय में चल रहे अनैतिक काम, लड़कियों को बंधक बनाए रखने और वीरेन्द्र देव के खिलाफ मीडिया में बोलने के लिए मानहानि का नोटिस भेजा गया है।
चारा घोटाला मामले में लालू यादव दोषी करार, 3 जनवरी को होगा सजा का फैसला
एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com
950 करोड़ रुपये के चारा घोटाला मामले में आज रांची के सीबीआई की विशेष अदालत ने लालू यादव समेत 22 आरोपियों के खिलाफ अपना फैसला सुना दिया है। केंद्रीय जांच ब्यूरो की रांची स्थित विशेष अदालत के जज शिवपाल सिंह और उनकी बेंच ने अपने फैसले में सुनाया है कि लालू प्रसाद यादव चारा घोटाला-देवघर मामले में दोषी करार दिए गए हैं। मिली जानकारी के अनुसार लालू यादव को कोर्ट से सीधे सीबीआई जेल ले जाया जाएगा। इस मामले में कोर्ट अपना फैसला 3 जनवरी को सुनाएगी। लालू को 407, 467, 409 इस धाराओं के तहत दोषी पाए गए हैं।
चारा घोटाला 1996 में देश के सामने आया और उस समय बिहार के मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव थे। बिहार का चारा घोटाला करीब नौ सौ पचास करोड़ रुपए का था। चारा घोटाले को अंजाम तक पहुँचाने में पशुपालन विभाग के भ्रष्ट अधिकारीयों और राजनेताओं की मिलीभगत थी। इस घोटाले में पशुओं का चारा, दवा आदि के नाम पर सरकारी खजाने से अवैध निकासी के मुकदमे में बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव, पूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ मिश्रा, विद्यासागर निषाद समेत 22 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज था।
बता दें कि वर्ष 1990 से 1994 के बीच हुए पशु चारे के नाम पर 89 लाख 27 हज़ार रुपयों की अवैध निकासी के मामले 38 लोग आरोपी करार दिए गए थे। जिनके खिलाफ 27 अक्टूबर 1997 में सीबीआई ने धारा क्रमांक आरसी/64 ए/1996 के तहत मामला दर्ज किया था और आज लगभग 21 वर्षों के बाद इस पर फैसला लिया गया है। गौरतलब है कि इससे पहले भी चाईबासा कोषागार से अवैध रूप से 37 करोड़ 70 लाख रुपयों की निकासी के मामले में इन सभी को सजा हो चुकी है।
खुश रहने की चाभी थमाने पर, MP सरकार देगी 10 लाख रुपए का इनाम
पारुल पाण्डेय | Navpravah.com
यदि आप अपने खुश रहने का राज जानते हैं, तो आपके बटवे में यूँ 10 लाख रुपए का ईनाम आ सकता है। मध्यप्रदेश सरकार ही एक मात्र ऐसी सरकार है, जिसके पास ‘खुशहाली विभाग’ है। इस विभाग का काम केवल दूसरों के चेहरे पर मुस्कान लाना है।
एमपी सरकार ने हैपिनेस रिसर्च प्रोजेक्ट शुरू किया है, जिसके लिए कई एक्सपर्ट्स को आमंत्रित किया है। यह एक्सपर्ट लोगों के चेहरे में स्माइल लाने के लिए एक उच्चस्तरीय अध्ययन और शोध कर रहे हैं। इतना ही नहीं लोगों की खुशियों का राज तलाशने वाले राज्य सरकार 10 लाख रुपए का इनाम देने के साथ ही इस पर रिसर्च के लिए आर्थिक सहायता और फेलोशिप भी देगी।
इस मामले में हैपिनेस विभाग के प्रमुख ने पत्र लिखते हुए राज्य सरकार के उच्चशिक्षा विभाग, माध्यमिक शिक्षा विभाग, तकनीकी शिक्षा विभाग और मेडिकल एजूकेशन समेत कई तकनीकी संस्थानों को अवगत कराया है, जिससे हैपिनेस प्रोजेक्ट को बढ़ावा मिल सके।
बता दें कि केवल हैपीनेस का राज बता देने से आप 10 लाख नहीं जीत जाएँगे। खुशियों का राज प्रस्ताव के जरिए भेजने के साथ अपना नजरिया भी एक्सपर्ट पैनल को स्पष्ट करना होगा कि कैसे खुशियों के माहौल को क्रिएट किया जाएगा। साथ ही इस आइडिया से लोगों को खुशहाली का कंसेप्ट भी समझाया जा सके। इस सभी कि जाँच पैनल करेगा, जिसके बाद विजेता निर्धारित होगा। प्रत्येक वर्ष उन 5 लोगों को जिनका आइडिया सरकार को पसंद आनेपर उनके नाम 10- 10 लाख रुपए का इनाम दिया जाएगा।
अपने कर्मचारियों के लेट आने पर दिल्ली सरकार हुई नाराज
एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com
दिल्ली सरकार के महिला एवं बाल विभाग के कर्मचारी अगर सुबह 9 बजकर 45 मिनट के बाद कार्यालय पहुंचते हैं, तो इसका खामियाजा अब उन्हें भुगतना पड़ेगा। डब्ल्यूसीडी में नौकरी कर रहे अधिकारियों के सुबह नौ बजकर 45 मिनट तक भी कार्यालय नहीं पहुंचने का पता लगने के बाद विभाग ने यह कदम उठाया है।
विभाग ने एक ज्ञापन जारी किया है, इस ज्ञापन में कहा गया है कि सभी कर्मचारी और अधिकारी अपने संबंधित कार्यालय में समय से पहुंचना सुनिश्चित करें। अगर कर्मचारी समय के बाद पहुँचते हैं, तो इसका खामियाजा भी उन्हें भुगतना पड़ेगा।
उप निदेशक एस के श्रीवास्तव ने कहा, आदेश के अनुसार, तीन बार 9 बजकर 45 मिनट के बाद कार्यालय आने पर एक आकस्मिक छुट्टी काट ली जाएगी और इसके साथ ही अधिकारियों को देर से आने का कारण बताते हुए लिखित जवाब भी देना होगा।
इस संबंध में महिला एवं बाल विभाग द्वारा अक्टूबर में भी आदेश जारी किए गए थे। जिसमें कहा गया था कि विभाग की विभिन्न शाखाओं में काम करने वाले कर्मचारियों की उपस्थिति पंजिका तैयार की जाएगी और हर महीने के पहले कामकाजी दिन को इसे निदेशक को सौंपा जाएगा।
मुस्लिम वोट का ध्रुवीकरण करना सही नहीं है -असदुद्दीन ओवैसी
एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com
AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने भाजपा और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि दोनों राष्ट्रीय दल ने यह सन्देश देने की कोशिश की है कि दोनों दल की गुजरात में मुस्लिम वोट पाने में रुचि है। इस तरीके से दोनों ही दल भले ही चुनाव जीत जाएं, लेकिन यह हमारे लोकतंत्र को कमजोर करेगा। ओवैसी ने कहा कि मुस्लिम वोट का इस तरह से ध्रुवीकरण करना सही नहीं है।
ओवैसी ने आगे कहा कि जब हम हरा रंग पहनेंगे, तो सबकुछ हरा दिखेगा और हमारे हरे रंग के सामने कोई रंग नहीं टिकेगा। उनके हरे रंग के सामने ना ही मोदी का रंग रहेगा ना ही कांग्रेस का रंग रहेगा।
उन्होंने यह हमला केंद्र सरकार पर राजस्थान में कुछ समय पहले एक मुस्लिम मजदुर पर हुए हमले को लेकर किया था। जब भी भाजपा शासन में आती है, तब ही मुस्लिमों को निशाना बनाया जाता है। आज हमारे ही देश में हमें निशाना बनाया जा रहा है, क्योंकि हम मुसलमान हैं। जब से केंद्र में भाजपा की सरकार बनी है, तबसे आए गए दिन मुसलमानों पर अत्याचार हो रहे हैं।
महिलाओं की सुरक्षा बढ़ाने के लिए भगवा रंग से रंगे जाएगें ट्रेनों के डिब्बे
सौम्या केसरवानी | Navpravah.com
ट्रेनों में महिलाओं की सुरक्षा बढ़ाने के लिए केंद्रीय रेलवे ने लेडीज कंपार्टमेंट को केसरिया रंग से रंगने का सुझाव दिया है। रेलवे का कहना है कि महिलाओं में इससे वीरता और साहस जगेगा।
गुरुवार को रेलवे बोर्ड में जमा किए कॉन्सेप्ट नोट में रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स के एडिश्नल चीफ सिक्योरिटी कमिश्नर प्रणव कुमार ने कहा कि महिलाओं के लिए आरक्षित कोच/कंपार्टमेंट का रंग बाहर से ट्रेन के बाकी कोचों से अलग होना चाहिए। एक पन्ने के उस नोट में लिखा है, “केसरिया रंग साहस, वीरता और बलिदान को दर्शाता है, जो महिला यात्रियों को उनके कोच में घुसने वालों के खिलाफ जागरूक करेगा और पुरुष यात्रियों को महिलाओं के लिए आरक्षित कंपार्टमेंट्स में से जाने से उन्हें रोकेगा।”
रेलवे बोर्ड ने बुधवार को हर रेलवे जोन से महिलाओं-बच्चों की सुरक्षा बढ़ाने को लेकर उठाए गए कदमों पर सूचना देने को कहा था, जिसके बाद केंद्रीय रेलवे की ओर से छह सुझाव आए हैं। कुमार ने आगे बताया कि पुरुष यात्री गलती से महिलाओं के कंपार्टमेंट में आ जाते हैं, क्योंकि हर कंपार्टमेंट/कोच का रंग एक जैसा होता है। ऐसे में हम केवल इस कंपार्टमेंट को दूसरा रंग देकर अलग दिखाना चाहते हैं, ताकि यात्री उसमें जाने से पहले जान जाएं कि वह कौन सा कंपार्टमेंट है।
मनी लॉन्डरिंग के आरोप में मीसा भारती के खिलाफ दायर किया गया आरोप पत्र
राजेश सोनी | Navpravah.com
लालू प्रसाद की बेटी और राज्यसभा सांसद मीसा भारती, उनके पति शैलेश कुमार और अन्य लोगों पर मनी लॉन्डरिंग(काले धन को वैध बनाना) का आरोप है। इन आरोपों के चलते लालू प्रसाद यादव के बेटी मीसा भारती के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय ने दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट में उनके खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया है।
मीसा भारती की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी ने मीसा भारती के बिजवासन इलाके स्थित फॉर्म हाउस को संलग्न किया था। यह फार्म हाउस मीसा भारती और उनके पति शैलेश कुमार का है। प्रवर्तन निदेशालय ने मीसा भारती के अलावा व्यवसायी गगन धवन के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया है। धवन पर करीब 5000 करोड़ रुपयों का मनी लॉन्डरिंग का मामला चल रहा है।
गौरतलब है कि प्रवर्तन निदेशालय मीसा और शैलेश के जवाबों से संतुष्ट नहीं था। प्रवर्तन निदेशालय के अनुसार यह फार्म हाउस मीसा और उनके पति ने शेल कंपनियों के जरिए आए धन से खरीदा ख़रीदा था। इन लोगों ने 4 शेल कंपनियों के जरिए 1 करोड़ 20 लाख रुपये अवैध तरीके से कमाए थे। इसी पैसे से इस फार्म हाउस की खरीदी हुई थी। साल 2008-09 में शेल कंपनियों के जरिए पैसा आया था, जब लालू यादव रेलमंत्री थे। इस मामले में सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय लालू यादव से भी जांच और पूछताछ कर सकती है। सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय इस मामले में जांच कर रही है।

















