29 C
Mumbai
Thursday, August 20, 2026
Home Blog Page 823

तेजस्वी की सारी कवायद “भ्रष्टाचार को शिष्टाचार” बताने के लिए है -जेडीयू 

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव को कोर्ट ने चारा घोटाले में दोषी पाते हुए उन्हें जेल भेज दिया था। लालू के जेल जाने के बाद से बिहार में राजनीतिक पारा चढ़ा हुआ है और इस मुद्दे पर खूब बयानबाजी हो रही है। तेजस्वी यादव पर जेडीयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने आरोप लगाते हुए कहा की यह पूरी कवायद भ्रष्टाचार को शिष्टाचार बताने के लिए है। तेजस्वी यादव ने गुरुवार को अपने पिता लालू प्रसाद को “शेर” बताकर संबोधित किया था। 
 
वहीं शुक्रवार को तेजस्वी के इस बयान पर पलटवार करते हुए जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि ‘पिंजड़े के पंछी रे तेरा दर्द न जाने कोय। आगे उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार के मामले में जो व्यक्ति जेल में बंद होगा, उसे तो दर्द होगा ही और वह इसे बयां भी करेगा। उन्होंने आगे कहा कि आज लालूजी अपनी करनी के कारण जेल रूपी पिंजरे में बंद हैं, और फफक रहे हैं। उनकी हालत ‘पिंजड़े के पंछी रे तेरा दर्द न जाने कोय’ वाली हो गई है।
 
न्यायपालिका तो अब सजा बताने वाली है। अगर लालू जैसे लोगों को शेर बताने की कवायद है, तब तो ऐसे लोगों का राजनीति में भगवान ही मालिक है। तेजस्वी ने गुरुवार को बिहार की धरती को लोकनायक जयप्रकाश नारायण की भूमि बताते हुए कहा था कि फिर प्रकाश की जय होगी। इसे पहले भी लालू के छोटे बेटे तेजस्वी यादव ने भाजपा पर हमला बोलते हुए कहा कि अगर लालू प्रसाद भाजपा का साथ देते तो उनको हरीशचंद्र साबित कर दिया जाता। 

अमीरात एयरलाइन्स पर भड़के शिखर धवन, दुबई एयरपोर्ट पर फंसे बीवी, बच्चे 

पारुल पाण्डेय | Navpravah.com
 
टीम इंडिया के सलामी बल्लेबाज शिखर धवन के गुस्से का पारा बढ़ता नज़र आ रहा है। धवन ने ट्विटर के जरीए अमीरात एयरलाइन्स पर अपनी भड़ास निकाली है। दरअसल यह इसलिए किया गया है, क्योंकि दक्षिण अफ्रीका दौरे पर कैपटाउन जाते समय धवन के परिवार को कागज़ी जानकारी न होने के चलते दुबई एअरपोर्ट पर ही रोक लिया गया।  
 
जहाँ धवन इस वक्त इंडियन क्रिकेट टीम के दक्षिण अफ्रीका दौरे के तहत कैपटाउन पहुंच चुके हैं, वहीं उनके बीवी आयशा और बच्चे इस वक्त दुबई एयरपोर्ट पर ही फंसे हुए हैं। धवन ने अपने गुस्से को ट्वीट के जरीए लोगों के समक्ष रखा है और इस बर्ताव की कड़ी निंदा की। उनसे दुबई में उनके बच्चों का बर्थ सर्टिफिकेट मांगा गया, लेकिन उस वक्त उनके पास वह सारे दस्तावेज मौजूद नहीं थे, इसलिए उन्हें अपने परिवार को दुबई में ही छोड़कर कैपटाउन आना पड़ गया।

धवन ने अमीरात एयरलाइन्स के इस बर्ताव को अनप्रोफेशनल करार देते हुए ट्वीट किया कि अमीरात एयरलाइन्स का बर्ताव बेहद ही अनप्रोफेशनल रहा। मैं अपने परिवार के साथ दक्षिण अफ्रीका जा रहा था, लेकिन दुबई में मुझे बताया गया कि मेरी पत्नी और बच्चे दुबई से दक्षिण अफ्रीका के लिए उड़ान नहीं भर सकते। मुझसे एयरपोर्ट पर बच्चों का बर्थ सर्टिफिकेट और बाकी सारे दस्तावेज मांगे गए, जो कि उस वक्त  मेरे पास नहीं थे।
 
धवन ने आगे लिखा, वह लोग अभी भी दुबई एयरपोर्ट पर ही हैं, वह सभी दस्तावेजों का इंतजार कर रहे हैं। अमीरात एयरलाइन्स ने इस तरह की जानकारी उस वक्त क्यों नहीं दी, जब हम लोग मुंबई से उड़ान भर रहे थे। एयरलाइन्स का एक कर्मचारी तो बिना वजह ही क्रोधित हो गया।

बता दें कि शिखर धवन इस वक्त बाकी इंडियन क्रिकेटर्स के साथ कैपटाउन पहुंच चुके हैं। 56 दिन के इस दौरे में टीम इंडिया दक्षिण अफ्रीका की टीम के खिलाफ तीन टेस्ट मैच, छह वनडे मैच और तीन टी-20 मैच खेलेगी। पहला टेस्ट मैच पांच जनवरी से खेला जाएगा।

‘टाइगर जिंदा है’ 200 करोड़ के क्लब में हुई शामिल

'टाइगर जिंदा है' फिल्म 200 करोड़ के क्लब में शामिल

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com 
 
सलमान खान की फिल्म ‘टाईगर जिंदा है’ ने बॉक्स ऑफिस पर एक हफ्ता पूरा कर लिया है। भारत ही नहीं, ओवरसीज में फिल्म दमदार कलेक्शन कर रही है। यह फिल्म 200 करोड़ क्लब में शामिल हो गयी है। सलमान खान-कैटरीना कैफ की यह एक्शन फिल्म पूरे भारत को पसंद आ रही है। ट्रेड पंडितों के अनुसार, यह फिल्म 300 करोड़ का आंकड़ा आराम से पार कर जाएगी।
 
यह फिल्म दुनियाभर में लगभग 5700 स्क्रीन पर रिलीज हुई है। न्यूजीलैंड और खाड़ी देशों में भी फिल्म काफी अच्छा कलेक्शन कर रही है, जबकि कुछ देशों ने फिल्म को बैन भी कर दिया है। ‘टाईगर जिंदा है’ फिल्म 2017 की सबसे ज्यादा कमाने वाली बॉलीवुड फिल्म बन चुकी है। फिल्म ने गोलमाल अगेन को पीछे कर दिया है। वहीं दुनियाभर में फिल्म ने 7 दिनों में ही 300 करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया है।

बीएमसी की वजह से बेघर हुआ परिवार 

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

मंगलवार को बृहन्मुम्बई म्युनिसिपल कारपोरेशन(बीएमसी) ने दहिसर इलाके में अवैध अतिक्रमण हटाने का काम किया गया था। इसी तोड़क कार्यवाई के दौरान बीएमसी के लोगों से एक बड़ी गलती हो गई थी। बीएमसी के कर्मचारियों ने एक ऐसा घर तोड़ दिया, जो अवैध अतिक्रमण हटाने के सूची में नहीं था। 
 
बीएमसी की गलती के कारण उस घर में रहने वाली एक विधवा औरत और उसके तीन बच्चों के सर से घर की छत हट गई है। दो दिन बाद बीएमसी को अपनी गलती के बारे में पता चला, तो अधिकारीयों ने उस पीड़ित महिला से माफ़ी मांगी और कहा कि बीएमसी द्वारा आपको नए घर का निर्माण कर दिया जाएगा। बीएमसी अधिकारी ने पीड़िता ज्योति पेड्डी से लिखित में माफ़ी मांगी है। पत्र में ज्योति पेड्डी को बीएमसी से आश्वासन दिया गया है कि वे उनका घर उसी जगह पर वापस बनवाकर देंगे।  
 
बता दें कि बीएमसी दहिसर इलाके के आर उत्तरी वार्ड के उन घरों को तोड़ने पहुंची थी, जो सड़क निर्माण में बाधा पैदा कर रहे थे। यह घटना मराठा कॉलोनी के दहिसर(पूर्व) की है जहाँ बीएमसी ने तोड़क कार्यवाई करते हुए गलती से ज्योति पेड्डी का घर तोड़ दिया था। इस घटना के बाद से लोगों में बीएमसी के खिलाफ गुस्सा है। वहीं स्थानीय नेताओं ने भी घटनास्थल का मुआईना करने के बाद बीएमसी कर्मचारियों के खिलाफ कार्यवाई करने की मांग की है।   

कमला मिल्स आग मामले में BMC के 5 अधिकारी सस्पेंड

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

मुंबई के कमला मिल्स परिसर में मोजोज रेस्टोरेंट में लगी आग हादसे में कई पेंच सामने आरहे हैं। वहीं अब इस मामले में बीएमसी के पांच अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया गया है। सीएम फडणवीस ने कहा कि बीएमसी कमिश्नर से इस पूरे मामले की जांच के आदेश दी गए हैं, जिसमे पांच लोगों को सस्पेंड कर दिया गया है और  रेस्टोरेंट के मालिक पर भी कार्रवाई की जाएगी। यह भी लोगों की मौत के लिए जिम्मेदार हैं। इस जाँच में बीएमसी द्वारा किसी तरह की लापरवाही सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। 
 
इस मामले में मुंबई के चीफ फायर ऑफिसर प्रताप रहान्ग्दाले ने कहा कि मोजोज़ और Above-1 रेस्टोरेंट में सिलेंडर ब्लास्ट भी हुआ। किसी भी ओपन रेस्टोरेंट या रुफ टॉप रेस्टोरेंट में बांस, डंडो प्लास्टिक से निर्माण पर पाबंदी है। ऐसे में मोजोज़ रेस्टोरेंट में अवैध तरीके से बांस और प्लास्टिक से छत बनाई गई थी। इस मामले में पुलिस ने रेस्टोरेंट के मालिक और मैनेजर के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला पहले ही दर्ज कर लिया है।  

गौरतलब है कि गुरुवार की रात मुंबई के लोएर परेल इलाके स्थित कमला मिल्स कंपाउंड के एक रेस्टोरेंट में भीषण आग लगने से 14 लोगों ने अपनी जान चली गई और 19 लोग बुरी तरह घायल हुए। कई घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। कमला मिल कम्पाउंड में कई कॉर्पोरेट ऑफिस, रेस्तरां, पासपोर्ट ऑफिस और कई मीडिया संस्थान हैं। शुरुआती जांच में आग की वजह लापरवाही माना जा रहा है और हादसे के लिए BMC को जिम्मेदार माना जा रहा है। इस बारे में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री हंसराज अहीर ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री से बात कर हालात की जानकारी ली। इस घटना पर राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री सहित तमाम दलों के नेताओं ने दुख प्रकट किया है। उधर, बीएमसी ने घटना के जांच के आदेश दे दिए हैं। 

आज जारी हुई फर्जी बाबाओं की दूसरी लिस्ट, बाबा वीरेंद्र दीक्षित भी शामिल

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com 
 
अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद ने आज इलाहाबाद में एक बैठक की, जिसमें परिषद ने फर्जी बाबाओं की दूसरी सूची जारी की। परिषद की ओर से जारी की गयी सूची में दिल्ली के वीरेंद्र दीक्षित कालनेमी, बस्ती के सचिदानंद सरस्वती और इलाहाबाद की त्रिकाल भवंता के नाम भी शामिल हैं।
 
यह बैठक परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में सभी 13 अखाड़ों के प्रमुख शामिल हुए। परिषद की बैठक के बाद गिरी ने संवाददाताओं से बातचीत की। अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि ने कहा, ”हम जनता से ये अपील कर रहे हैं कि लोग ऐसे बाबाओं से सतर्क रहे जो किसी परंपरा या संप्रदाय से नहीं हैं, साधु, संत, सन्यासी परंपरा, उदासीन परंपरा, नाथ परंपरा, वैष्णव संप्रदाय, शिव संप्रदाय आदि से आते हैं।”
 
10 सितंबर को अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद ने फर्जी बाबाओं की पहली सूची जारी थी, जिसमें 14 नाम शामिल थे। जिसमें आसाराम बापू, गुरमीत राम रहीम, सुखविंदर कौर उर्फ राधे मां, सच्चिदानंद गिरि, ओमबाबा उर्फ विवेकानंद झा, निर्मल बाबा, नारायण साई आदि प्रमुख नाम शामिल थे।
 
गिरि ने कहा कि इस बैठक में अखाड़ों ने मांग रखी है कि सरकार माघ मेला और कुंभ मेला के कार्यों पर नजर रखने के लिए अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष की अगुवाई में एक निगरानी समिति का गठन करे।

हरियाणा: कारगिल शहीद की विधवा के लिए काल बन गया आधार कार्ड

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

हरियाणा के सोनीपत शहर के एक निजी अस्पताल के क्रूर रवैये के वजह से कारगिल युद्ध के एक शहीद की पत्नी ने दम तोड़ दिया। शहीद का बेटा बीमार मां को अस्पताल लेकर पहुंचा और अस्पताल प्रबंधन के आगे मदद की गुहार लगाता रहा, लेकिन प्रबंधन आधार कार्ड जमा करवाने पर अड़ा रहा। बेटे ने आधार कार्ड की कॉपी मोबाइल में दिखायी, लेकिन इसके बाद भी प्रबंधन नहीं माना और इलाज के अभाव में शहीद की पत्नी ने दम तोड़ दिया।
 
महलाना गांव निवासी लक्ष्मण दास कारगिल युद्ध में शहीद हुए थे। उनकी पत्नी शकुंतला कई दिनों से बीमार थीं। शकुंतला को इसके बाद यहां के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां अस्पताल ने उन्हें भर्ती करने तक से मना कर दिया और आधार कार्ड मांगने पर अड़ गया, महिला इस दौरान दर्द से तड़प रही थी।
 
पवन का आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन ने उसकी मां का इलाज करने के बजाय उसे बाहर निकालने के लिए पुलिस बुला ली। अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि युवक को हंगामा करता देख पुलिस बुलाई गई थी। पवन का आरोप है कि पुलिस कर्मियों ने उनकी सुनने की बजाय, उन्हें धमकाना शुरू कर दिया।

बिटकॉइन में निवेश किया है तो हो जाए सावधान -वित्त मंत्रालय 

इजरायल ने बिटकॉइन को करेंसी मानने से किया इनकार

पारुल पाण्डेय | Navpravah.com
 
वित्त मंत्रालय ने निवेशकों को क्रिप्टोकरेंसी में निवेश करने से सावधान किया है। वित्त मंत्रालय द्वारा जारी बयान में बताया गया कि क्रिप्टोकरेंसी की कोई कानूनी मान्यता नहीं है और इस तरह की मुद्रा की कोई सुरक्षा नहीं है। ऐसे में बिटकॉइन जैसी कई वर्चुअल करेंसी (क्रिप्टोकरेंसी) में लोग तेज़ी से निवेश कर रहे हैं।

क्रिप्टोकरेंसी का वैश्विक स्तर पर निवेश होने के साथ-साथ भारत में भी इसका प्रचलन बढ़ा है। मंत्रालय का कहना है कि इस तरह की मुद्रा का कोई वास्तविक मूल्य नहीं है और ना ही इसके पीछे कोई संपत्ति है। मंत्रालय ने अपने अधिकारिक बयान में कहा कि बिटकॉइन और अन्य क्रिप्टोकरेंसी की कीमत पूरी तरह अटकलों पर आधारित परिणाम है और इसलिए इसकी कीमतों में इतना उतार-चढ़ाव है।

बयान के मुताबिक इस तरह के निवेश में वैसा ही जोखिम है, जैसा कि पोंजी योजनाओं में होता है। जिससे  निवेशकों को इसमें अचानक भारी नुकसान हो सकता है। इसका सबसे बड़ा झटका खुदरा ग्राहकों को लग सकता है. जो एक निश्चित आमदमी से अपना घर चलाते हैं।
 
बता दें कि मंत्रालय क्रिप्टोकरेंसी को लेकर पहले कि अपना फरमान जारी कर दिया था, जिसमें  क्रिप्टोकरेंसी धारकों, उपयोक्ताओं और कारोबारियों को पहले ही भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा तीन बार इसके खतरों के प्रति आगाह किया जा चुका है। साथ ही केंद्रीय बैंक ने यह भी सूचित किया है कि इस तरह की मुद्रा के सौदों या संबंधित योजनाओं को चलाने के लिए उसने किसी को लाइसेंस या प्रमाणन नहीं दिया है।

केंद्र सरकार को राज्यसभा में तीन तलाक बिल पास कराने के लिए अपनाना होगा नरम रुख 

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

लोकसभा में केंद्र सरकार ने तीन तलाक बिल आसानी से पास करा लिया था, लेकिन राज्य सभा में तीन तलाक बिल पास कराना केंद्र सरकार के लिए बिलकुल आसान नहीं होगा। केंद्र सरकार को अगर राज्यसभा में तीन तलाक का बिल पास कराना है, तो सरकार को विपक्षियों के प्रति नरम रुख अपनाने की जरुरत पड़ेगी।    
 
केंद्र सरकार अगर राज्यसभा में इस तीन तलाक बिल को पास नहीं करा पाती है, तो इस बिल का लटकने का डर है। राज्यसभा में बहस के दौरान विपक्षियों के द्वारा इस बिल के लिए कई संसोधन की मांग की जा सकती है। अगर केंद्र सरकार विपक्षियों के संशोधनों को नहीं मानती है, तो वे इस बिल का राज्यसभा में समर्थन नहीं करेंगे। वहीं लोकसभा में बिना किसी संशोधन के तीन तलाक के बिल को केंद्र सरकार ने पास करा लिया था। 
 
कल लोकसभा में तीन तलाक के बिल का पर जोरदार बहस हुई थी। तीन तलाक बिल का विरोध करने में एमआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी के साथ-साथ बीजेडी और राजद जैसे दलों ने इस बिल से नाराजगी जताई थी। लोकसभा में तीन तलाक बिल पर कल वोटिंग कराई गई थी,  जिसमें ओवैसी को सिर्फ 2 ही वोट मिले थे। 

पाकिस्तानी पत्रकार ने कुलभूषण जाधव को कहा आतंकी, ट्विटर यूजर्स ने सिखाया सबक

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com 

कुलभूषण जाधव के परिवार के साथ पाकिस्तान में हुई बदसलूकी के चलते पूरा देश इस वक्त गुस्से में है। ऐसे में समाज का चौथा स्तंभ मानी जानेवाली मीडिया ने एक कायराना बयान दिया है। पाकिस्तान की एक जानी-मानी पत्रकार ने कुलभूषण जाधव को आतंकी कहा है।
 
बता दें कि पाकिस्तानी पत्रकार मेहर तरार के भारतीय नेताओं के साथ अच्छे संबंध हैं। मेहर तरार पेज थ्री और सोशल सर्किल में कांग्रेस नेता शशि थरूर की अच्छी दोस्त हैं। मेहर ने इंडियन नेवी के पूर्व ऑफिसर कुलभूषण जाधव को आतंकी करार देते हुए कहा कि भारतीय तो पाकिस्तानियों के साथ इससे भी बुरा बर्ताव करते हैं और अब जब एक आतंकी के परिवार के साथ ऐसा हुआ तो चिल्ला रहे हैं।

 https://twitter.com/MehrTarar/status/945653262937739264

मेहर ने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा कि एक आतंकी के परिवार के साथ बदसलूकी हुई? भारत तो पाकिस्तानियों के साथ और भी बुरा व्यवहार करता है और अब ‘अन्याय’ कहकर चिल्ला रहा है। शिखर सम्मेलन रद्द कर देना, भारत में काम कर रहे पाकिस्तानी कलाकारों के खिलाफ प्रदर्शन, दोनों देशों के बीच वार्ता शुरू करने से मना कर देना, पाकिस्तानी कलाकारों को बैन कर देना, लगातार मीडिया में बदनाम करना।
 
इस ट्वीट पर गुस्साए यूजर्स ने जमकर अपनी प्रतिक्रिया रखी है। किसीने लिखा- एक आतंकी? क्या मजाक है, आप ओसामा अंकल को शरण देती हैं, दाऊद चाचा, मुल्ला उमर, हाफिज सईद और ना जाने कितने आपके यहां रहते हैं, मैं तो नाम भी नहीं ले सकता हूं, क्या आपके देश में हिम्मत है कि जैसा व्यवहार आपने कुलभूषण के परिवार वालों के साथ किया वैसा ही इन लोगों के साथ करें। वहीं दुसरे यूजर ने कहा- ‘इसके विपरित अगर वह आतंकी होते तो आपके देश में चल रही प्रथा के मुताबिक उन्हें वीआईपी ट्रीटमेंट मिलना चाहिए था, जैसे ओसामा, दाऊद और हाफिज सईद को मिलता है।