28.5 C
Mumbai
Saturday, August 8, 2026
Home Blog Page 176

Defence Expo 2020: PM मोदी बोले- भारत की बढ़ेगी सुरक्षा, डिफेंस सेक्टर में रोजगार के नए अवसर

लखनऊ. उत्तर प्रदेश के राजधानी लखनऊ में एशिया की सबसे बड़ी रक्षा उत्पादों की प्रदर्शनी ‘Defence Expo 2020’ बुधवार को शुरु हो गई है। जिसका उद्घाटन आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आयोजन स्थल वृंदावन योजना के मुख्य हाल में पहुंचे और बटन दबाकर Defence Expo 2020 का श्रीगणेश किया। इससे पहले CDS जनरल बिपिन रावत के साथ नौसेना, वायुसेना और थलसेना प्रमुख ने आयोजन स्थल वृंदावन योजना में पीएम मोदी का स्वागत किया

बताया जा रहा है Defence Expo 2020 में रक्षा उपकरणों के कारोबारियों के इस समागम में 70 से ज्यादा देशों की 1028 कंपनियां अपने उत्पादों और तकनीकों का प्रदर्शन करेंगी। इनमें 856 भारतीय और 172 विदेशी कंपनियां हैं। Defence Expo के दौरान रक्षा सौदों से जुड़े तकरीबन 200 से ज्यादा सहमति पत्र (एमओयू) हस्ताक्षरित होंगे। इस चार दिवसीय आयोजन में 39 देशों के रक्षा मंत्री भी शिरकत करेंगे।

प्रधानमंत्री ने कहा कि आज भारत में दो बड़े डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर का निर्माण किया जा रहा है। जिसमें से एक तमिलनाडु में और दूसरा यहीं उत्तर प्रदेश में हो रहा है। यूपी के डिफेंस कॉरिडोर के तहत यहां लखनऊ के अलावा अलीगढ़, आगरा, झांसी, चित्रकूट और कानपुर में नोडस स्थापित किए जाएंगे। वैसे यहां पास में ही अमेठी के कोरबा में इंडो रसियन राइफल्स प्राइवेट लिमिटेड के बारे में आपने जरूर सुना होगा।

मोदी ने कहा कि हमारी सरकार, डिफेंस सेक्टर में FDI नियमों को भी आसान किया गया है। अब डिफेंस सेक्टर में 100 प्रतिशत FDI का रास्ता साफ हुआ है। जिसमें से 49 प्रतिशत ऑटोमेटिव रूट से संभव हो सकता है। बीते 5 वर्षों डिफेंस सेक्टर में 1700 करोड़ के FDI आने का रास्ता साफ हुआ है। चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ और डिपार्टमेंट ऑफ मिलिट्री अफेयर्स के बनने से डिमांड और मैन्यूफैक्चरिंग की प्रक्रिया और आसान होने वाली है। इसका निश्चित लाभ डिफेंस सेक्टर्स से जुड़े उद्योगों को होगा और इस सेक्टर में इन्वेस्ट करने के इच्छुक आप सभी इंवेस्‍टर्स को होगा।

पीएम ने कहा कि हमारी सरकार चाहती है कि डिफेंस मैन्यूफैक्चरिंग सिर्फ सरकारी संस्थानों तक सीमित न हो, बल्कि इसमें निजी क्षेत्र की भी बराबर की साझेदारी हो। मैं समझता हूं कि उपयोगकर्ता और उत्पादक यानि यूजर और प्रोड्यूसर के बीच भागीदारी से राष्ट्रीय सुरक्षा को और अधिक शक्तिशाली बनाया जा सकता है। मुझे लगता है कि उपयोगकर्ता और निर्माता के बीच एक साझा संबंध राष्ट्रीय सुरक्षा को लाभ देगा। भारत और विदेश दोनों से निजी क्षेत्र की कंपनियां इसमें योगदान कर सकती हैं।

पीएम मोदी ने कहा कि 2014 के बाद हमने स्थिति में बदलाव के लिए एक के बाद एक नीतिगत सुधार किए हैं। पिछले 5 वर्षों में इज ऑफ डूइंग बिजनेस में अभूतपूर्व बढ़ोतरी देखी गई है। यह रक्षा क्षेत्र में भी मदद कर रहा है। ‘मेक इन इंडिया, फॉर इंडिया और फॉर द वर्ल्ड’ आज भारत का मंत्र है। पहले डिफेंस मैन्युफेक्चरिंग में प्राइवेट सेक्टर को टेस्टिंग इंफ्रास्ट्रक्चर की बहुत समस्याएं आती थीं। इसके लिए अब रास्ते खोले गए हैं और डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट ऑर्गेनाइजेशन (डीआरडीओ) में भारतीय उद्योगों के लिए बिना चार्ज के ट्रांसफर ऑफ टेक्‍नोलॉजी की नीति बनायी गई है।

पीएम मोदी ने कहा कि डिफेंस मैन्यूफैक्चरिंग क्षेत्र में भारत कई वर्षों तक भारत प्रमुख शक्तियों में से एक रहा, लेकिन आजादी के बाद हमने अपनी इस ताकत का उपयोग उस गंभीरता से नहीं किया, जितना हम कर सकते थे। हमारी नीति और रणनीति इंपोर्ट तक सीमित रह गई।

पीएम ने कहा कि तकनीक का गलत इस्तेमाल, आतंकवाद और साइबर थ्रेट, पूरे विश्व के लिए एक बड़ी चुनौती हैं। नई सुरक्षा की चुनौतियों को देखते हुए दुनिया की तमाम डिफेंस फोर्सेस, नई तकनीक को विकसित कर रही हैं। भारत भी इससे अछूता नहीं है। हमने रक्षा क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के उपयोग को बढ़ाने के लिए एक रोडमैप बनाया है। आज बहुत सारे प्रोटोटाइप्‍स लॉन्च किए जा रहे हैं। अगले पांच वर्षों में, हम रक्षा क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता से जुड़े कम से कम 25 उत्पादों को विकसित करना चाहते हैं।

पीएम ने कहा कि एक्सपो की थीम ‘डिफेंस का डिजिटल परिवर्तन’ है, जो वर्तमान और भविष्य का अभिन्न अंग है। कहा कि मानव जीवन का इतिहास जितना पुराना है, सुरक्षा की चुनौतियों का इतिहास भी उतना ही पुराना है। उन चुनौतियों से निरटने के तरीकों को भी समय-समय पर दुनिया नेे देखे हैं। इस डिफेंस एक्सपो की थीम भी आने वाले कल की चुनौतियों पर केंद्रित है। तकनीक, आतंकवाद और साइबर खतरों का गलत इस्तेमाल पूरी दुनिया के लिए बड़ी बाधा है।

पीएम मोदी ने कहा कि जो लोग अर्थव्यवस्था और रक्षा को समझते हैं, वे जानते हैं कि भारत केवल एक बाजार नहीं है, बल्कि पूरे विश्व लिए एक बड़ा अवसर भी है। दुनिया में जब 21वीं सदी की चर्चा होती है, तो स्वाभाविक रूप से भारत की तरफ ध्यान जाता है। आज का ये डिफेंस एक्सपो भारत की विशालता, व्यापकता, विविधता और विश्व में उसकी विस्तृत भागीदारी का सबूत है।

पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि यह आयोजन पूरे भारत के युवाओं के लिए बहुत बड़ा अवसर है। मेक इन इंडिया से भारत की सुरक्षा बढ़ेगी। वहीं डिफेंस सेक्टर में रोजगार के नए अवसर भी बनेंगे। इससे भविष्य में डिफेंस एक्सपोर्ट को भी बल मिलेगा।

पीएम मोदी ने कहा कि इस बार 1,000 से ज्यादा डिफेंस मैन्युफैक्चर और दुनियाभर से 150 कंपनी इस Expo का हिस्सा हैं। इसके अलावा 30 से ज्यादा देशों के डिफेंस मिनिस्टर्स और सैकड़ों व्यवसाय प्रधान भी यहां उपस्थित हैं। आज का ये अवसर भारत की रक्षा-सुरक्षा की चिंता करने वालों के साथ-साथ पूरे भारत के युवाओं के लिए भी बड़ा अवसर है। मेक इन इंडिया से भारत की सुरक्षा तो बढ़ेगी ही, डिफेंस सेक्टर में रोजगार के नए अवसर भी बनेंगे।

पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि उत्तर प्रदेश सबसे बड़ा राज्य होने के साथ आने वाले समय में डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग हब भी होने जा रहा है। यह डिफेंस एक्सपो अब तक का सबसे बड़ा आयोजन है। ऐसे में नए दशक के इस पहले Defence Expo का यहां होना अपने आप में प्रसन्नता का विषय है।

लखनऊ में हो रहे डिफेंस एक्सपो में पहली बार अमेरिकी दिग्गज एयरोस्पेस कंपनी लॉकहीड मार्टिन का आधुनिक एफ-35 फाइटर जेट आ रहा है। यह सबसे बड़ा आकर्षण बन सकता है। इसके अलावा यूरोपीय विमान निर्माता एयरबस अपने नवीनतम सैन्य उपकरणों और तकनीक को कार्यक्रम स्थल पर प्रदर्शित करेगा। एयरबस के प्रदर्शन में सी-295 विमान के मॉडल शामिल होंगे। इसके अलावा एएस एमबीई 565 पैंथर विमान, एच 145 एम और एच 225 एम हेलिकॉप्टर भी नजर आएंगे।

Delhi Election 2020 LIVE: अरविंद केजरीवाल ने दी अमित शाह को बहस की चुनौती

नई दिल्ली. दिल्ली के शाहीन बाग में गोली चलाने वाले शख्स कपिल बैंसला पर पुलिस के खुलासे के बाद आम आदमी पार्टी (आप) आगबबूला हो गई है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने गृहमंत्री अमित शाह को चुनौती दी है कि वह अपना मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित करें। उनके मुख्यमंत्री के पद के चेहरे से बहस करने को तैयार हैं।

बता दें कि मंगलवार को केजरीवाल ने कहा था कि भाजपा बुधवार को 1 बजे तक सीएम प्रत्याशी घोषित करें वह बहस के लिए तैयार हैं। अरविंद केजरीवाल ने अमित शाह को चुनौती देते हुए कहा कि अमित शाह जी कहते हैं कि वह मुख्यमंत्री बनाएंगे। इसलिए हम अमित शाह से बहस करने को तैयार हैं। वह आएं और बताएं कि आप ने दिल्ली के लिए क्या किया है।

शाहीन बाग से भाजपा को फायदा

चुनाव प्रचार के बीच शाहीन बाग में फायरिंग करने वाले कपिल को लेकर दिल्ली की राजनीति गरमा गई है। वहीं, दिल्ली पुलिस ने खुलासा किया है कि कपिल का AAP से रिश्ता है तो अरविंद केजरीवाल ने इसे भाजपा की साजिश बताया है। इसी के साथ शाहीन बाग को लेकर कहा कि इससे सबसे ज्यादा फायदा तो भाजपा को हो रहा है। शाहीन बाग के अलावा उनके पास पूरे चुनाव में कोई मुद्दा नहीं है।

इसी के साथ अरविंद केजरीवाल ने अपने बयान में कहा- ‘भाजपा दिल्ली पुलिस का इस्तेमाल कर रही है। अगर वह AAP से जुड़ा है तो भी उसे कड़ी सजा मिलनी चाहिए। यह सब चुनाव के दौरान भाजपा की राजनीति है।’

कपिल AAP का सदस्य: जावड़ेकर

मंगलवार शाम को शाहीन बाग में गोली चलाने वाले युवक कपिल की तस्वीरें आम आदमी पार्टी नेताओं के साथ सामने आने पर केंद्रीय मंत्री और दिल्ली के चुनाव प्रभारी प्रकाश जावड़ेकर ने अरविंद केजरीवाल को घेरा था। उन्होंने कहा था कि इस मुद्दे पर AAP बेनाकाब हुई है। AAP के सदस्य ने जिसने पिछले साल AAP जॉइन किया था, उसने शाहीन बाग में इसलिए गोली चलाई क्योंकि ये उनकी साज़िश थी ताकि यहां तनाव बढ़े।

फेमस हॉलीवुड फिल्म बैड बॉयज का रीमेक बनाएंगे रोहित शेट्टी, अक्षय-रणवीर आएंगे नजर

मनोरंजन डेस्क. बॉलीवुड में अपनी ऐक्शन से भरपूर कॉप बेस्ड फिल्मों के लिए मशहूर रोहित शेट्टी ने एक बड़ा एलान किया है। कॉप बेस्ड फिल्मों के लिए मशहूर रोहित शेट्टी ने बताया कि वह फेमस हॉलीवुड फ्रेंचाइजी बैड बॉयज का बॉलीवुड में रीमेक बनाने के सपना देखते हैं। यहां तक कि इस फिल्म के लिए रोहित शेट्टी ने स्टार्स के नाम भी सोच लिए हैं।

एक चैट शो में बात करते हुए मशहूर रोहित शेट्टी ने ने बताया कि अगर वह कभी बैड बॉयज का हिंदी रीमेक बनाते हैं तो वह अक्षय कुमार और रणवीर सिंह को लीड रोल में लेंगे। डायेक्टर के अनुसार, वह इस समय अपनी अपकमिंग फिल्म सूर्यवंशी में दोनों के साथ काम कर रहे हैं और जिस तरह से उकी केमिस्ट्री है, वह फिल्म के लिए परफेक्ट हैं।

रोहित शेट्टी की फिल्म की बात करें तो वह अपनी मच अवेटेड फिल्म सूर्यवंशी के लिए तैयार हैं। इस फिल्म में अक्षय कुमार और कटरीना कैफ नजर आएंगे। वहीं, अजय देवगन सिंघम और रणवीर सिंह सिंबा के रूप में कैमियो करते दिखाई देंगे। यह फिल्म 27 मार्च को रिलीज होगी।

कैरोना वायरस से निपटने के लिए मुंबई में बनेगा देश का सबसे बड़ा अस्पताल !

मुंबई. कैरोना वायरस जैसी बीमारियों से भविष्य में मोर्चा लेने के लिए बीएमसी ने कस्तूरबा अस्पताल में आइसोलेशन बेड्स की संख्या बढ़ाकर 140 बेड्स करने के फैसला लिया है। यह काम आने वाले डेढ़ सालों में पूरा किया जाएगा। ऐसा होने के बाद आइसोलेशन बेड्स की मामले में कस्तूरबा देश का सबसे बड़ा अस्पताल बन जाएगा।

बीएमसी स्वास्थ्य विभाग के अडिशनल म्युनिसिपल कमिश्नर सुरेश काकानी ने बताया, आइसोलेशन बेड्स के मामले में कस्तूरबा अब भी राज्य का सबसे बड़ा अस्पताल है। फिलहाल यहां 28 बेड्स की सुविधा है, जिनकी संख्या आने वाले समय में बढ़ाकर 140 की जाएगी। वर्तमान में कोरोना वायरस की समस्या को देखते हुए बजट में 2 करोड़ रुपये कस्तूरबा अस्पताल को दिया गया है। भविष्य में इस तरह की बीमारियों का तत्काल जांच करने के लिए कस्तूरबा में आधुनिक मशीनें भी खरीदी जाएंगी।

संभवत: कस्तूरबा देश का ऐसा पहला अस्पताल होगा, जहां आइसोलेशन के लिए इतने बेड्स एक साथ मिलेंगे। बता दें कि चीन में कोरोना वायरस के कारण अब तक हजारों लोग बीमार हैं, जबकि कइयों की मौत भी हो चुकी है।

लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की राम मंदिर ट्रस्ट की घोषणा…

नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को राम मंदिर ट्रस्ट की घोषणा की है। बुधवार को PM मोदी ने लोकसभा में बोलते हुए राम मंदिर पर एक बड़ा एलान किया है। प्रधानमंत्री ने बताया कि सरकार ने राम मंदिर को लेकर ट्रस्ट तैयार कर लिया है।

जल्द ही यह ट्रस्ट मंदिर निर्माण पर फैसले लेगा। ट्रस्ट का नाम- श्री राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र। इसके अलावा अभी दोनों सदन चल रहे हैं। इसमें विपक्ष कई मुद्दों पर केंद्र को घेरता नजर आ सकता है। इन मुद्दों में CAA और NRC आम है, जिनपर आज नहीं बल्कि पिछले दिनों से विपक्ष हमलावर है।

प्रधानमंत्री ने कहा सुप्रीम कोर्ट ने राम मंदिर के पक्ष में फैसला दिया था। इसने सुन्नी वक्फ बोर्ड को 5 एकड़ जमीन देने को भी कहा था। आज सुबह एक बैठक में कोर्ट के निर्णय के अनुरूप बड़े फैसले लिए गए हैं। हमने अयोध्या में यूपी सरकार को सुन्नी वक्फ बोर्ड के लिए 5 एकड़ जमीन देने का अनुरोध किया। यूपी सरकार ने इसकी मंजूरी दे दी है।

PM मोदी ने लोकसभा में कहा, ‘9 नवंबर को फैसले के बाद, भारत के सभी नागरिकों ने देश की लोकतांत्रिक प्रणाली में अपनी धारणा साबित कर दी थी। मैं भारत के लोगों द्वारा दिखाए गए चरित्र की सराहना करता हूं। भारत में रहने वाले सभी समुदाय एक बड़े परिवार के सदस्य हैं। हमारी संस्कृति, परंपराएं, हमें वसुधैव कुटुंबकम और सर्वे भवन्तु सुखिनः का दर्शन देती हैं और इसी भावना के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा भी देती हैं’।

PM मोदी ने लोकसभा में कहा, ‘9 नवंबर, 2019 को मैं करतारपुर साहिब कॉरिडोर के उद्घाटन के लिए पंजाब में था। वो एक अद्भुत अनुभव था। इसी दौरान मुझे राम जन्मभूमि मामले पर ऐतिहासिक निर्णय के बारे में पता चला था।’ इससे पहले उन्होंने कहा कि करोड़ों देशवासियों की तरह ही मेरे हृदय के करीब है इस विषय पर बात करना मैं अपना सौभाग्य समझता हूं। ये विषय श्रीराम जन्म भूमि से जुड़ा हुआ है। ये विषय है अयोध्या में भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर से जुड़ा हुआ है।

सरकार ने राममंदिर के दर्शन के लिए जाने वाले तीर्थयात्रियों की संख्या को ध्यान में रखते हुए एक और बड़ा फैसला किया है। सरकार ने फैसला किया है कि अधिकृत भूमि, जो लगभग 67.703 एकड़ है और अंदर और बाहर के कोर्टयार्ड को राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र में दे दिया जाएगा। ये ट्रस्ट अयोध्या में भगवान श्रीराम की जन्मस्थली पर भव्य और दिव्य श्रीराम मंदिर के निर्माण और उससे जुड़े विषयों पर निर्णय लेने के लिए पूर्ण रूप से स्वतंत्र होगा।

PM मोदी ने कहा कि ट्रस्ट मंदिर निर्माण पर सभी फैसले लेगा। हमने अयोध्या में राम मंदिर के विकास के लिए एक योजना तैयार की है। एक ट्रस्ट बनाया गया है, इसे ‘श्री राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र’ ‘Sri Ram Janambhoomi Tirath Kshetra’ का नाम दिया गया है।

हल्दी की ताकत को विदेशियों ने भी स्वीकारा, दर्द से तुरंत राहत, गिनाए कई फायदे

हेल्थ डेस्क. भारतीयों के किचन की शोभा यानि हल्दी की ताकत को अब विदशियों ने भी स्वीकार कर लिया है। दर्द में हल्दी पैरासिटामल और आईबूप्रोफेन से ज्यादा लाभदायक होती है। इन दवाओं के दुष्प्रभाव हैं, लेकिन हल्दी का कोई दुष्प्रभाव भी नहीं है। यह हल्दी पर शोध करने वाले विदेशी वैज्ञानिकों का कहना है।

मिलान स्थित एक प्रमुख दवा निर्माता कंपनी के शोध में पता चला है कि खेल के दौरान लगने वाली चोट या मोच के दर्द में हल्दी दर्द निवारक दवाओं जितनी ही कारगर है। खास बात यह है कि इसका कोई दुष्प्रभाव भी नहीं है। शोध के दौरान रग्बी के चोटिल खिलाड़ियों को हल्दी दी गई, जिससे उन्हें पैरासिटामोल या आईबूप्रोफेन जितनी राहत मिली। शोध के दौरान देखा गया जिन लोगों ने राहत पाने के लिए पारंपरिक दर्द निवारक दवाओं का सेवन किया उन्हें गैस्ट्रो संबंधी समस्याओं से भी जूझना पड़ा।

प्रमुख शोधकर्ता डॉक्टर फ्रांसेस्को डी पेरो ने कहा कि इस शोध से पता चलता है कि हल्दी में पाए जाने वाले तत्व करक्यूमिन से तैयार उत्पाद हड्डी और मांसपेशियों से संबंधित दर्द में सुरक्षित दर्द निवारक हो सकते हैं। पूर्व में हुए शोध में करक्यूमिन का सकारात्मक प्रभाव गठिया के मरीजों में देखा जा चुका है। इसके अलावा यह कैंसर और हृदय संबंधी बीमारियों में भी अधिक कारगर है। शोधकर्ता 50 रग्बी खिलाड़ियों के अनुभवों के आधार पर इस निष्कर्ष पर पहुंचे हैं। इन्हें हड्डियों और मांसपेशियों में तकलीफ थी। इन्हें एक ग्राम करक्यूमिन तत्व वाली एल्गोकर टैबलेट 10 दिनों तक दिन में दो बार दी गई। प्रत्येक 20 दिनों में इनकी स्थिति का परीक्षण किया गया।

चीन से आया कोरोना वायरस का संदिग्ध मरीज, सूरत सिविल अस्पताल से भागा

नई दिल्ली. चीन में कहर बरपा रहे कोरोना वायरस को भारत में फैलने से रोकने के लिए हरसंभव उपाय किए जा रहे हैं। चीन से आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की मेडिकल जांच के बाद संदेह होने पर उसे खास आईसोलेशन वार्ड में दाखिल कर उपचार किया जा रहा है। कुछ दिन पहले चीन से 41 वर्षीय युवक चीन से आया था।

सूरत के सिविल अस्पताल से कोरोना वायरस के संदिग्ध मरीज के भाग जाने से अस्पताल प्रबंधन में हड़कम्प मच गया। कुछ दिन पहले आए युवक में कोरोना वायरस के लक्षण पाए जाने पर उसे सूरत के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

सूरत के वराछा में रहनेवाले इस युवक में कोरोना वायरस के लक्षण दिखने पर उसे सूरतके नए सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जहां से मंगलवार की शाम सिविल अस्पताल में आरएमओ को मिलने के बहाना बनाकर फरार हो गया। युवक के फरार होने से अस्पताल प्रबंधन में हड़कम्प मच गया। युवक द्वारा लिखाए गए पते वराछा और खटोदरा में उसकी तलाश की गई। लेकिन देर रात तक उसका कोई अता पता नहीं मिला।

देहरादून: सियाचिन की जमा देने वाली ठंड में तैनात भारतीय जवान की मौत

नई दिल्ली. सियाचिन में माइनस 26 डिग्री में तैनात भारतीय जवान की मौत हो गई। उत्तराखंड निवासी जवान रमेश बहुगुणा सियाचिन सेक्टर में तैनात थे। बीमार होने के बाद उन्हें चंडीगढ़ के अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वह महार रेजिमेंट में अपनी सेवा दे रहे थे। बहुगुणा उत्तराखंड के टिहरी जिले के चंबा क्षेत्र के सबली गांव के रहने वाले थे।

जवान रमेश बहुगुणा के परिजनों का कहना है कि भयंकर ठंड और ऑक्सीजन की कमी के चलते रमेश की तबियत बिगड़ गई थी। 38 साल के जवान के परिवार में उनकी पत्नी और दो बच्चे हैं, जो ऋषिकेश में रहते हैं। बहुगुणा 2002 में सेना में शामिल हुए थे। उनके भाई दिनेश दत्त बहुगुणा ने बताया कि सियाचिन में भयंकर ठंड से उनके भाई की तबीयत बिगड़ गई थी। जवान का अंतिम संस्कार ऋषिकेश में पूर्णानंद घाट पर कर दिया गया। 31 जनवरी को स्वास्थ्य संबंधी शिकायत होने पर बहुगुणा को चंडीगढ़ अस्पताल लाया गया था।

उल्लेखनीय है कि कि दुर्गम इलाका और अधिक ऊंचाई होने की वजह से जम्मू-कश्मीर में स्थित सियाचिन सेक्टर में जवानों की ड्यूटी सबसे कठिन मानी जाती है। बहुगुणा पिछले साल वहां तैनात किए गए थे। यह खबर इस लिहाज से भी चिंताजनक है, क्योंकि हाल ही में संसद में पेश नियंत्रक और लेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट में कहा गया है कि सियाचिन और लद्दाख में तैनात सेना के जवानों के पास ठंड झेलने वाले कपड़ों की कमी है।

इसके अलावा उनके पास अन्य उपकरण जैसे स्नो गॉगल्स, बूट, जैकेट और स्लीपिंग बैगों जैसी जरूरी चीजों की भी कमी है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया था कि सियाचिन में तैनात सैनिकों के लिए राशन की भी कमी है। हालांकि सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे का कहना था कि यह रिपोर्ट 2015-16 की स्थिति पर आधारित है और थोड़ी पुरानी है। उन्होंने कहा कि सियाचिन में तैनात हर जवान को व्यक्तिगत रूप से एक लाख रुपए के कपड़े दिए जाते हैं। उन्होंने यह भी कहा था कि 2020 के लिए हम पूरी तरह तैयार हैं।

लम्बे समय बाद एक साथ नजर आएंगे, ये महान कलाकार

मनोरंजन डेस्क.काफी समय बाद अब दो सुपरस्टार एक साथ आने वाले है. ये दो स्टार सलमान खान और अजय देवगन है. बहुत दिनों से ये एक साथ नहीं नजर आये. लेकिन अब लगता है की दोनों एक साथ काम करेंगे.
सलमान और अजय को रोहित-फराह की फिल्म हम पांच के लिए अप्रोच किया गया है. सलमान खान जहां पिछले कुछ वक्त से कई स्क्रिप्ट्स सुन चुके हैं वहीं अजय देवगन भी इन दिनों नई स्क्रिप्ट्स पर विचार कर रहे हैं.

बॉलीवुड इंडस्ट्री में कई बार बड़े संयोग हो जाते हैं. एक संयोग होने जा रहा है सुपरस्टार सलमान खान और अजय देवगन के साथ. अजय और सलमान अभी ठीक उसी पोजीशन में हैं जहां वह 25 साल पहले थे. जब अजय देवगन ने इस फिल्म को करने से मना कर दिया तब सलमान खान ने इस फिल्म को साइन कर लिया था.

रोहित शेट्टी और फराह खान की आने वाली एक फिल्म के लिए सलमान खान और अजय देवगन दोनों को एक रोल ऑफर किए गए हैं. दोनों को फिल्म की कहानियां और उनके रोल की डिटेल्स दे दी गई हैं और अब एक बार फिर से दोनों को फिल्म के लिए हां कहना है.

वैसे ये दोनों कलाकार रियल लाइफ में काफी अच्छे दोस्त हैं और कहा ये भी जाता है कि सलमान ने केसरी करने से इसलिए मना कर दिया था क्योंकि अजय उसी विषय पर फिल्म बनाने जा रहे थे.जिसमे दोनों को काम करने का मौका मिल रहा है. अब देखना ये है कि क्या दोनों एक साथ काम करेंगे. अगर दोनों कलाकार एक साथ काम करते है तो 25 साल बाद ये नया सयोग देखने को मिलेगा.

पुलवामा में शहीद जवान के परिवार को नहीं मिली मदद, लाचार परिजन लगा रहे दप्तरों के चक्कर

ऐसी घटना जिससे पूरा देश शोक में डूब गया था.जब हमारे देश के 42 जवान एक साथ शहीद हुए. ऐसा दिन था जब हर भारतीय के आँख में आँसू थे. हमने अपने देश के जाबाज सिपाही खोये थे.इस घटना से कई परिवारों का सब कुछ छिन गया.लेकिन आज सरकार को उन शहीदों के परिवार से कोई लगाव नही.

ऐसी ही कहानी है सेंट्रल रिजर्व पुलिस फोर्स (CRPF) के जवान कौशल कुमार रावत की. कौशल कुमार रावत 14 फरवरी 2019 को उस बस में सवार थे जिसे आतंकियों ने आत्मघाती हमले में उड़ा दिया था.

पुलवामा हमले को एक साल होने वाले हैं लेकिन उस हमले में मारे गए शहीदों को अब तक सरकार की तरफ से कोई मदद नहीं मिली है. केंद्र सरकार ने सिर्फ वादे किए लेकिन उन्हें अब तक पूरा नहीं किया. सरकार का रवैया भी इतना लचर है कि शहीदों के परिजन दफ्तरों के चक्कर लगा-लगाकर थक चुके हैं.

कौशल कुमार रावत आगरा के रहने वाले हैं. यहां उनका पैतृक आवास सूना है. शहीद कौशल रावत की मां सुधा रावत आज भी बेटे के बारे में बात करती हैं तो आंखों से आंसू निकल आते हैं. सरकार, प्रशासन और सामजिक संगठनों को आंसू पोंछने चाहिए तो वह उस बूढ़ी मां को दफ्तरों के चक्कर लगवा रही है.

शहीद की माँ सुधा कहती हैं कि जब बेटे की अंतिम यात्रा निकली थी, तब बड़े-बड़े अधिकारी, नेता आए थे. सबने बड़े-बड़े वादे किए थे. लेकिन एक साल पूरा होने वाला है लेकिन आज तक कोई वादा पूरा नहीं हुआ है.

शहीद कौशल की पत्नी ममता परिवार सहित अब गुरुग्राम के मानेसर इलाके में रहता है. शहीद की पत्नी ममता का आरोप है कि सरकार और अधिकारी उनकी कोई मदद नहीं की है. घर की हालत देख कर किसी के भी आँखो में आँसू आ जाते है. लेकिन सरकार हाथ पे हाथ रखे बैठी है.