29 C
Mumbai
Friday, August 28, 2026
Home Blog Page 705

यूपी: शादी नहीं हुई तो प्रेमी जोड़े ने एक दूसरे को मार दी गोली, लोग बनाते रहे वीडियो

lovers shot each other in uttar pradesh

सौम्या केसरवानी । Navpravah.com

उत्तर प्रदेश के इटावा में एक रूह कंपा देने वाली घटना सामने आयी है, एक प्रेमी जोड़ा, जो एक दूसरे से बहुत प्यार करते थे, उन दोनों की शादी न होने के कारण एक दूसरे को गोली मार दी है। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायल प्रेमी-प्रेमिका को अस्पताल पहुंचाया, जहां इलाज के दौरान डाक्टर ने युवक को मृत घोषित कर दिया, इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

यह घटना इटावा के भर्थना कोतवाली इलाके के पास की है, 19 फरवरी को दोनो व्यक्ति शादी करने में असफल रहे और तब दोनों ने आत्महत्या करने का सोच लिया, तब दोनों ने सबके सामने एक दूसरे को गोली मार दी।

इसी बीच लोगों का अमानवीय चेहरा सामने आया है कि लोग इस पूरी घटना को रोकने के बजाय विडियो बना रहे हैं, वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा है कि घायल प्रेमी अपनी घायल प्रेमिका की गोद में बेहोश लेटा है और प्रेमी जोड़े के आसपास खड़े लोग सबकुछ देख रहे हैं।

वायरल वीडियो को देखने के बाद इटावा एसएसपी वैभव कृष्ण ने कहा कि घटना के तुरंत बाद लोगों को घायलों को अस्पताल ले जाना चाहिए था, लेकिन लोग विडियो बना रहे थे, जो कि गलत है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच की जा रही है।

रेलवे भर्ती परीक्षा को लेकर रेलमंत्री पीयूष गोयल ने की बड़ी घोषणा

भारतीय रेलवे ने की लापरवाह करमचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई

एनपी न्यूज़ डेस्क । Navpravah.com

साल 2018 में रेलवे द्वारा निकाली गई 90,000 भर्तियों को लेकर रेल मंत्री पीयूष गोयल ने एक बड़ी घोषणा की है। हाल ही में रेल मंत्री ने रेलवे भर्ती परीक्षा के लिए एग्जामिनेशन फीस बढ़ा दी है। इस घोषणा के बाद छात्रों में असंतुष्टि देखी गई, जिसके बाद रेल मंत्री ने छात्रों को राहत देते हुए परीक्षा देने वाले उम्मीदवार की बढ़ी हुई फीस उसे दोबारा वापस दिए जाने की बात स्पष्ट की है।

आपको बता दें कि इस बार जो 90,000 भर्तियां निकाली गई हैं, उसमें आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों के लिए 250 रुपये और अनारक्षित वर्ग के उम्मीदवारों के लिए 500 रुपये एग्जामिनेशन फीस रखी गई है, जबकि इससे पहले होने वाली भर्ती में अनारक्षित वर्ग के उम्मीदवारों के लिए 100 रुपये और आरक्षित वर्ग के उम्मीदवार को परीक्षा फीस नहीं देनी थी।

बता दें कि रेल मंत्री पियूष गोयल के इस फैसले के पीछे गंभीर आवेदक को निमंत्रण देना है। बहुत बार कम शुल्क की वजह से लोग आवेदन कर देते हैं, लेकिन परीक्षा नहीं देते। ऐसे में सरकार को नुकसान होता है। भर्ती परीक्षा आयोजित करने में सरकार का काफी पैसा खर्च होता है।
ऐसे में अगर उम्मीदवार परीक्षा देता है, तो ही उसकी बढ़ी हुई फीस लौटाई जाएगी। आरक्षित श्रेणी के उम्मीदवारों को उनकी पूरी फीस यानी 250 रुपये वापस कर दी जाएगी, जबकि अनारक्षित श्रेणी के उम्मीदवारों को 500 रुपये के शुल्क में से 400 रुपये वापस कर दिए जाएंगे।

उम्मीदवार किसी भी भाषा में सिग्नेचर कर सकते हैं।
रेल मंत्रालय के प्रवक्ता ने परीक्षा पर अधिक जानकारी देते हुए बताया कि ग्रुप सी के सहायक लोको पॉयलेट व तकनीशियन पद के लिए सामान्य कोटे की अधिकतम आयु सीमा 28 से बढ़कार 30 साल, ओबीसी 31 से बढ़ाकर 33 और एससी-एसटी की 33 से बढ़ाकर 35 कर दी गई है। इसी तरह ग्रुप डी (लेवल-1) की गैंगमैन, ट्रैकमैन, प्वांइटमैन, फिटर, वेल्डर, पोर्टर, गेटमैन जैसे सामान्य कोटे की अधिकतम आयु 31 से बढ़ाकर 33, ओबीसी की 34 से बढ़ाकर 36, एससी-एसटी की 36 से बढ़ाकर 38 साल कर दी गई है।

राहत फ़तेह ने दिया बाबुल सुप्रियो को जवाब

Rahat Fateh vs Babul Supriyo

पारुल पाण्डेय | Navpravah.com

एक बार फिर बॉलीवुड में पाकिस्तानी कलाकारों पर बैन लगाए जाने की मांग बढ़ गई है। अरसे बाद इस विवाद पर अपनी चुप्पी तोड़ते हुए गायक फतेह अली खान ने गायक बाबुल सुप्रियो को नसीहत दे डाली। आपको बता दें कि इस विवाद की शुरुआत वेलकम टू न्यूयॉर्क फिल्म में इश्तेहार गाने से हुई। इस गाने को पाकिस्तान के कलाकार राहत फतेह अली खान ने गाया है। 

इस विवाद पर राहत फतेह अली खान ने कहा कि संगीत की कोई सीमा नहीं होती है। शुक्रिया आप सभी का, जिन्होंने मेरे गाने को इतना प्यार दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि बाबुल सुप्रि‍यो जी मैं आतंकवाद का विरोध करता रहा हूं और आगे भी करता रहूंगा। हम सभी अपने देश और उसकी भावानाओं का सम्मान करते हैं। मैं हमेशा इस बात पर भरोसा करता हूं कि हम आर्टिस्ट अपने संगीत से दुनिया में शांति फैलाते हैं। 

बता दें कि कुछ समय पहले गायक और केंद्रीय राज्य मंत्री बने बाबुल सुप्रियो द्वारा दी एक बयान में कहा था कि फिल्म ‘वेलकम टू न्यूयॉर्क’ के ‘इश्तेहार’ गीत से राहत फतेह अली खान की आवाज को हटाया जाए और इसे किसी और से रिकॉर्ड करवाया जाए। उन्होंने आगे कहा था कि वह नहीं समझ पा रहे हैं कि जब भारत-पाकिस्तान के बीच सीमा पर तनाव बढ़ा हुआ है, ऐसे में सीमा पार से मनोरंजन का कंटेंट लेने की क्या जरूरत है। 

पाकिस्तानी कलाकारों पर बैन की मांग के चलते बुधवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इंडियन फिल्म एंड टीवी प्रोड्यूसर्स काउंसिल के अध्यक्ष सुरेश अमीन ने कहा कि काउंसिल हिन्दी फिल्म इंडस्ट्री में पाकिस्तानी कलाकारों को बैन करने का फैसला करेगी। वहीं फिल्म निर्माता वाशु भगनानी ने भी इस विवाद पर कहा है कि वे फिल्म इंडस्ट्री से पाकिस्तानी कलाकारों का बहिष्कार करने की बात कहेंगे। उन्होंने कहा कि मेरे हिसाब से तो दो साल के लिए बॉलीवुड में पाकिस्तानी कलाकारों को बैन कर देना चाहिए। 

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने दी योगी आदित्यनाथ को बड़ी राहत

cmo up
Yogi Adityanath

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

साल 2007 के गोरखपुर दंगा मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को इलाहाबाद हाईकोर्ट से आज बड़ी राहत मिली है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ दाखिल याचिका को खारिज किया और योगी पर मुकदमा नहीं चलाने का आदेश दिया है। इस मामले में दोबारा जांच की अपील को खारिज किया है।

याचिका में योगी आदित्यनाथ पर मुकदमा चलाने से इनकार करने के सरकारी आदेश की वैधानिकता को चुनौती दी गई थी। कोर्ट ने इस मामले में लंबी सुनवाई के बाद फैसला सुरक्षित कर लिया था।

आपको बता दें, 2007 में गोरखपुर से सांसद योगी आदित्यनाथ को शांतिभंग और हिंसा भड़काने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। आरोप था कि उन्होंने समर्थकों के साथ मिलकर दो समुदायों के बीच हिंसक झड़प में एक युवक की मौत के बाद जुलूस निकाला था। योगी की गिरफ्तारी के बाद उनके हिंदू संगठन हिंदू युवा वाहिनी ने जनसंपत्ति को नुकसान पहुंचाया था और एक रेल बोगी और बसें फूंक दी थीं। आजमगढ़ और कुशीनगर में भी पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा था।

MTV बीसीएल के अम्पायर पर राखी सावंत ने लगाया गंभीर आरोप

Rakhi Sawant on BCL Umpire

पारुल पाण्डेय | Navpravah.com

राखी सावंत जहां भी जाती हैं, वहां हंगामा होना लाज़मी है। इन दिनों वे एमटीवी बीसीएल में नजर आ रही हैं, जिसमें उन्होंने वहां के अंपायरल पर उंगली उठाते हुए उस पर गड़बड़ी करने का आरोप लगाया है।  

आपको बता दें कि एकता कपूर और आनंद मिश्रा की एमटीवी बीसीएल में गोवा किलर की ओर से खेल रहीं  राखी सावंत ने अंपायर को लेकर कई तरह के आरोप लगाए हैं। जब खेल के दौरान अंपायर ने नो बॉल दी तो राखी सावंत खामोश बैठी रहीं। राखी ने इस बारे में बताया कि आखिर क्यों वह दूसरी टीम का पक्ष ले रहे हैं! इसने कुछ सेटिंग तो नहीं की?

भले ही उन्होंने यह बात मजाकिया लहजे में कही हो, लेकिन राखी अपनी बात कहने से रुकी नहीं, वह बोली कि मुझे पता चला है कि कल अंपायर को बैग, पैकेट पहुंचाया गया है। हरी मिर्च हूं मैं, लाल हो जाऊंगी थोड़ी-सी देर में! अंपायरजी आप सही नहीं कर रहे हो! रात को पैकेट लिया है आपने!

अंपायर ने कुछ लिया हो या नहीं यह तो पता नहीं, लेकिन राखी सावंत इस सीरीज का भरपूर मजा ले रही हैं। एमटीवी बीसीएल में मस्ती और नोक-झोंक का अच्छा-खासा छौंक भी लगा रही हैं।

RTI के दायरे से बाहर हो सिविल सेवा परीक्षा -सुप्रीम कोर्ट

Supreme Court

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

सिविल सर्विसेज परीक्षा (UPSC) को आरटीआई के दायरे से बाहर निकाल दिया गया है। गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुनाते हुए दिल्ली हाईकोर्ट के पांच साल पुराने फैसले पर रोक लगा दी है। सुनवाई में कहा गया कि यूपीएससी के सूचना के अधिकार (RTI) में रहने के कारण इसका सीधा प्रभाव चयन प्रक्रिया पर पड़ेगा। 

दिल्ली हाईकोर्ट के इस फैसले में संघ लोक सेवा आयोग को निर्देश दिया गया था कि वो सिविल सर्विस के प्रिलिम्स परीक्षा में परीक्षार्थियों की ओर से अर्जित अंकों को सार्वजनिक करे। जस्टिस आदर्श के गोयल और उदय यू ललित की बेंच ने इस मामले पर अपना पक्ष रखते हुए कहा कि अंकों को सार्वजनिक करने पर मूल्यांकन प्रक्रिया पर इसका असर पड़ेगा। इतना ही नहीं इससे सिस्टम की अखंडता के साथ समझौता करने वाली बात होगी।

खंडपीठ के अनुसार, अगर कोई मामला सामने आया है, जहां न्यायालय को पता चलता है कि सार्वजनिक हित में जानकारी देने की आवश्यकता है, तो कोर्ट निश्चित रूप से ऐसा करने के लिए हकदार है। 

UPSC ने परीक्षा के लिए किए गए बदलाव-

-नई अधिसूचना के मुताबिक, परीक्षा देने के लिए अधिकतम आयु सीमा में बढ़ोतरी की गई है। सरकार ने नियम 6(b)(vii) लाकर, सिविल सर्विसेज परीक्षा 2018 के नियम 6 के नोट-I और नोट-III में बदलाव कर अधिकतम आयु सीमा बढ़ा दी है।   
-जम्मू-कश्मीर में 1 जनवरी, 1980 से 31 दिसबंर, 1989 से निवास कर रहे उम्मीदवारों को अधिकतम आयु सीमा से 5 साल की रियायत मिलेगी।  
-परीक्षा के लिए आवेदन करने की आयु सीमा 21 से 32 वर्ष निर्धारित की गई है। अधिकतम आयु सीमा से विभिन्न आरक्षित श्रेणी के उम्मीदवारों को रियायत मिलती है। इनमें एससी/एसटी, ओबीसी और अन्य श्रेणियां शामिल हैं
-सिविल सर्विसेज प्रीलिमिनरी एग्जामिनेशन 2018 की मुख्य अधिसूचना 7 फरवरी 2018 को जारी की गई थी।   
-आवेदन प्रक्रिया जारी है और यह 6 मार्च 2018 तक चलेगी। इच्छुक और योग्य उम्मीदवार upsconline.nic.in पर आवेदन कर सकते है।

सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत के बयान से टेन्शन में आए ओवैसी

तीन तलाक पर बोले असदुद्दीन ओवैसी

एनपी न्यूज़ डेस्क । Navpravah.com 

भारतीय सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत इस समय उत्तर भारत के दौरे पर हैं। इस दौरे में उन्होंने भारत के लिए चिंता जताते हुए चीन और पाकिस्तान के खतरनाक मंसूबों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि चीन और पाकिस्तान भारत की मजबूती को हिलाने में कामयाब नहीं हो पा रहे हैं, इसलिए उन्होंने दूसरी ओर से युद्ध का रास्ता खोज निकाला है। उत्तर पूर्व के रास्ते भारत आने वाले शरणार्थियों को सेना प्रमुख ने चीन की चाल बताया है।  

इस मौके पर सेना प्रमुख जनरल रावत ने एक राजनीतिक संगठन की चर्चा कर दी, जिस पर बवाल मच गया। सेना प्रमुख ने अपने बयान में कहा कि जिस तरह कश्मीर में अशांति फैलाने के लिए आतंकवादी भेजे जाते हैं। उसी तरह उत्तर भारत में अशांति फैलाने के लिए अवैध आबादी को भारत में भेजा जाता है। इसके पीछे वोट बैंक की राजनीति है। उन्होंने अपने बयान में आगे कहा कि यहां AIUDF नाम का राजनीतिक संगठन तेजी से बढ़ रहा है। इस पार्टी का विकास बीजेपी के मुकाबले तेज हुआ है। जनसंघ का आज तक का जो सफर रहा है, उसके मुकाबले एआईयूडीएफ का विकास तेजी से हुआ है।

आपको बता दें कि एआईयूडीएफ (ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट) नाम का संगठन मुस्लिमों के लिए काम करता है। सेना प्रमुख के इस बयान के बाद ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेदादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने सेना प्रमुख के बयान पर अपना रोष व्यक्त करते हुए कहा है कि सेना प्रमुख को राजनीतिक मामलों में दखल नहीं देना चाहिए। उनका काम किसी राजनीतिक पार्टी पर कमेंट करना नहीं है। लोकतंत्र और संविधान इसकी इजाजत देता है। इतना ही नहीं उन्होंने अपने विचार को ट्वीट करते हुए लिखा कि सेना हमेशा जनता द्वारा चुनी गई सरकार के अंतर्गत काम करती है।

9 हज़ार से अधिक कर्जदारों ने देश को किया ‘खोखला’

Frauds in white collar

सौम्या केसरवानी | Navpravah.com

नीरव मोदी पंजाब नेशनल बैंक के 11500 करोड़, विजय माल्या एसबीआई समेत अन्य बैंकों के 8000 करोड़ रुपए लेकर देश से भाग गया है, साथ ही विक्रम कोठारी पर भी कई बैंकों का बकाया फंसा है। लेकिन, देश को खोखला बनाने में 9339 कर्जदारों का हाथ है, जिन्होंने भारतीय बैंकों के 1,11,738 करोड़ रुपए जानबूझकर नहीं चुकाए हैं। लोन की यह रकम जिन 9,339 कर्जदारों ने ली वे इसे चुकाने में सक्षम हैं, लेकिन वे रकम चुका नहीं रहे हैं।

क्रेडिट इंफॉर्मेशन ब्यूरो ऑफ इंडिया लिमिटेड से मिले डेटा के अनुसार, कर्ज के इस आंकड़े में सरकारी बैंकों की हिस्सेदारी 93,357 करोड़ रुपए है। साल 2013 में यह रकम 25,410 करोड़ रुपए थी, जिसमें पांच सालों में 340 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो गयी है।

इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के अनुसार, आरबीआई ने अभी तक सभी कर्जदारों के नामों की लिस्ट सार्वजनिक नहीं की है, पिछले साल आरबीआई ने सुप्रीम कोर्ट से साफ कहा था कि वह उन कर्जदाताओं के नामों की लिस्ट अभी सार्वजनिक नहीं करेगी। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में ऐसे कर्जदारों की संख्या सबसे ज्यादा है। खबर के मुताबिक, एसबीआई के ऐसे 1665 कर्जदारों पर 27,716 करोड़ रुपये का कर्ज है, SBI के कर्जदार हैं, किंगफिशर एयरलाइन, कैलिक्स केमिकल्स, जेबी डायमंड, जेनिथ बिरला, श्रीराम कॉर्पोरेशन, जूम डेवलपर्स, जेट इंजीनियरिंग आदि।

आईडीबीआई बैंक के खाते में भी 83 विलफुल डिफॉल्टर हैं, इन्होंने कुल 3659 करोड़ रुपए के लोन ले रखे हैं, IDBI के कर्जदार हैं, रीड एंड टेलर, एस कुमार नेशनवाइड, आदि इसी तरह कई बैंक का पैसा फंसा हुआ है। आरबीआई ने सीआईबीआईएल जैसे अन्य क्रेडिट इंफॉर्मेशन ब्यूरो को ऐसे कर्जदारों की पहचान बताने की अनुमति दे दी है, जो जानबूझकर कर्ज नहीं चुका रहे या जिनके खिलाफ अभी मुकदमा चल रहा है।

कनाडाई पीएम जस्टिन पर जमकर बरसे सुब्रमण्यम स्वामी

Subramanian Swamy attacked on Canadian PM Justin Trudo

पारुल पाण्डेय | Navpravah.com

कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो की भारत यात्रा पर हैं। 21 फरवरी को दी गई डिनर पार्टी के बाद से वह विवादों के घेरे में आ गए हैं। बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने इस डिनर पार्टी पर सवाल उठाए हैं, जिसमे कनाडाई नेता ट्रूडो ने जसपाल अटवाल से मुलाकात की।

सुब्रमण्यम स्वामी ने कनाडा के खालिस्तान नीति पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने एक निजी समाचार एजेंसी से बातचीत करते हुए कहा है कि हमारी बेबकूफी थी कि हमले बैकग्राउंड चेक नहीं किया और कनाडा कहता है कि खालिस्तानियों का समर्थन नहीं करता है, तो उन्होंने जसपाल अटवाल को कैसे डिनर पार्टी में आने के लिए न्यौता भेजा।

यह है पूरा मामला-

भारत के दौरे पर आए कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो की पत्नी सोफी ट्रूडो ने जिस जसपाल अटवाल से मुलाकात की थी, उसे खालिस्तान समर्थक आतंकवादी बताया जा रहा है। एक निजी समाचार एजेंसी के अनुसार, कनाडा के पीएम की पत्नी की कथित आतंकवादी के साथ कई तस्वीरें भी सामने आई हैं। यह तस्वीर मुंबई में 20 फरवरी को हुए एक कार्यक्रम की बताई जा रही है। इसके अलावा कनाडा के पीएम की ओर से खालिस्तान समर्थक आतंकवादी जसपाल अटवाल को औपचारिक डिनर के लिए भी निमंत्रण पत्र भेजा गया था, जो कि अब रद्द कर दिया गया है।

खालिस्तान आतंकवादी जसपाल अटवाल प्रतिबंधित भारतीय सिख युवा संघ में सक्रिय था। जसपाल अटवाल को 1986 वैंकूवर द्वीप पर पंजाब के मंत्री, मल्लिकात सिंह सिद्धू की हत्या के प्रयास में दोषी ठहराया गया था, जिन्होंने कुछ लोगों के साथ मिलकर सिंधु की कार पर हमला किया और गोली मार दी थी।

भारत के दौरे पर भारत आए कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो बुधवार को परिवार सहित अमृतसर पहुंचे थे। जस्टिन ट्रूडो ने परिवार सहित स्वर्ण मंदिर जाकर मत्था टेका। इसके बाद उन्होंने पंजाब के सीएम अमरिंदर सिंह से मुलाकात भी की थी। दोनों के बीच खालिस्तान के मुद्दे पर भी चर्चा हुई। मुलाकात के बाद कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि उन्होंने जस्टिन ट्रूडो के सामने खालिस्तान का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि मैंने खालिस्तान के मुद्दे को उठाया क्योंकि यह एक प्रमुख मुद्दा है। कनाडा समेत बहुत सारे देशों से पैसे आ रहे हैं, उन्होंने कहा कि ट्रूडो ने आश्वासन दिया है कि वह इस मामले पर विचार करेंगे।

अगर आप इन्सुलिन पम्प इस्तेमाल करते हैं, हो जाएं सावधान

Be alert, if u r using insulin pump

सौम्या केसरवानी । Navpravah.com

पेसमेकर्स और इंसुलिन पंप जैसे मेडिकल डिवाइस, इंसान अपनी शरीर की स्थिती बेहतर बनाने के लिए करता है। आज इन उपकरणों का उपयोग करने वालों की संख्या तेजी से बढ़ रही है, जिसके बाद इनके हैक होने और इस्तेमाल करने वाले व्यक्ति को ब्लैकमेल करने का भी खतरा बढ़ गया है। यह खतरा सेंट जूड मेडिकल के कुछ पेसमेकर की बैटरी समय से पहले खत्म होने की वजह से हुई दो लोगों की मौत के बाद बढ़ गया है।

वैज्ञानिकों का मानना है कि हैकर्स इन डिवाइस के सॉफ्टवेयर को हैक करके आपकी शारीरिक सूचना और कमजोरियों का गलत इस्तेमाल कर सकते हैं, जिससे व्यक्ति की मौत भी हो सकती है। पेसमेकर एक ऐसा उपकरण होता है, जो आपके हृदय के पहले कक्ष में स्थापित किया जाता है, यह हृदय को धड़कने और रक्त संचार करने का संदेश देता है।

इंसुलिन पंप को मधुमेह को नियंत्रित करने के लिए उपयोग किया जाता है, यह शरीर में इंसुलिन की मात्रा को संतुलित करता है। ऐसे उपकरण सॉफ्टवेयर के द्वारा संचालित होते हैं। ऐसे चिकित्सकीय उपकरणों के लिए खाद्य और औषधि प्रशासन ने कुछ निर्देश दे रखे हैं, लेकिन 2017 के एक अध्ययन के मुताबिक, अधिकतर उपकरण बनाने वाली कंपनियां इन्हें नहीं मानती, जिससे इसके हैक होने का खतरा बढ़ जाता है।