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Monday, August 31, 2026
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मुंबई: साकीनाका में नगरसेवक व बीएमसी के संरक्षण में लगाया जा रहा अवैध मोबाइल टॉवर!

अमित द्विवेदी | Navpravah.com

मुंबई: साकीनाका के साईनाथ चॉल, नेताजी नगर में लोगों के घरों के ठीक बीच सारे नियमों को ताक पर रखकर 2 मंजिले घर पर टेरेस बनाकर अवैध मोबाइल टावर लगाया जा रहा है। मामले की शिकायत सम्बंधित अधिकारियों को की जा चुकी है, लेकिन सरकारी अधिकारियों के कान पर जून तक नहीं रेंग रही।

शिकायतकर्ता से प्राप्त जानकारी के मुताबिक़, इस संदर्भ में स्थानीय निवासियों ने वार्ड ऑफिसर, एल.वार्ड. कुर्ला (प.) के साथ-साथ, मनपा उपायुक्त, अतिक्रमण निर्मूलन विभाग चेम्बुर में 6 जुलाई को शिकायत दर्ज कराई है, लेकिन बीएमसी द्वारा अभी तक इस संदर्भ में कोई कार्यवाही नहीं की गई है और टॉवर का काम जोरों-शोरों से चल रहा है।

एक रहिवासीय क्षेत्र में सारे नियमों को ताक पर रखकर लगाए जानेवाले इस अवैध मोबाइल टॉवर को हटाने के लिए साईनाथ चाल, शांति सेवा संघ व अन्य सभी रहिवासियों ने वार्ड क्र. 164 के नगरसेवक हरीश भन्दिरगे के पास गुहार लगाई। स्थानीय निवासियों ने कहा कि जहाँ एक तरफ बीजेपी नगरसेवक हरीश भन्दिरगे ने रहिवासियों को आश्वस्त कराया कि टॉवर ज़ल्द ही निकल जायेगा, वहीं दूसरी तरफ टॉवर का काम और तेज़ी से शुरू हो गया।

illegal construction of mobile tower in andheri mumbai

महिलाएं देंगी धरना-

इस चॉल में रहनेवाली महिलाओं ने अपनी पीड़ा प्रकट करते हुए कहा, “टॉवर के कारण हम लोग बहुत डरे हुए हैं। हम शांतिपूर्वक इस चॉल में रहते थे, पर जब से इस टॉवर का काम शुरू हुआ है, हमारा सुख-चैन खो गया है। टॉवर लगानेवालों ने सबको पैसे देकर सांठ-गांठ कर ली है। कोई हमारी सहायता नहीं कर रहा है, न तो बीएमसी न ही पुलिस और न ही नगरसेवक। हमारे घरों में छोटे बच्चे हैं, वृध्द हैं, गर्भवती महिलाएं हैं। यह मोबाइल टॉवर जो कि हमारे घरों के ठीक बीच लगाया जा रहा है, इससे निकलेवाले रेडिएशन से हमारी जिंदगी को खतरा है। अगर ज़ल्द ही इस संदर्भ में कोई कार्यवाही नहीं हुई तो हम धरना देंगे।”

गौरतलब है कि मोबाइल टावर को लगाने के संदर्भ में शासन द्वारा जो गाइडलाइंस बनाई गई हैं, यदि उनकी मानें तो उस आधार पर इस स्थान पर झोपड़ों के बीच लगने वाला यह मोबाइल टॉवर पूरी तरह से अवैध है। मोबाइल टॉवर कम-से-कम पांच मंजिला इमारत पर सभी नियमों के अधीन रहकर ही लगाया जा सकता है। यह टॉवर अन्य घरों से सुरक्षित अंतर पर होना चाहिए, जबकि जिस घर के टेरेस पर यह टावर लगाया जा रहा है, वह अन्य घरों से बिल्कुल सटा हुआ है।

दुर्घटना होने की संभावना-

इमारत का बांधकाम भी मजबूत दिखाई नहीं देता। ऐसे में यह मोबाइल टॉवर लगने के बाद यदि कोई दुर्घटना होती है या आग वगैरह लगती है, तो इससे सटे हुए घरों में रहनेवाले सैकड़ों लोगों के प्राण संकट में पड़ जाएंगे। ऐसे में कौन होगा इसका जिम्मेदार? मोबाइल टॉवर लगानेनेवाले घर का मालिक, स्थानीय नगरसेवक या बीएमसी ?

ऐसे में प्रश्न उठता है कि इस मोबाइल टॉवर को परमिशन कहाँ से मिला? यदि बिना परमिशन या बिना एन.ओ.सी के यह टॉवर लगाया जा रहा है, तो किस राजनेता की कृपादृष्टि से यह अवैध मोबाइल टॉवर लगाया जा रहा है! कहीं यह अवैध मोबाइल टॉवर बीएमसी, नगरसेवक व टॉवर लगानेवाले घर-मालिक की मिलीभगत का परिणाम तो नहीं? हालाँकि, इस सम्बन्ध में हमने कुछ स्थानीय अधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन किसी से बात नहीं हो पाई।

ग्रेटर नोएडा में रिहायशी बिल्डिंग गिरने से 3 की मौत, 50 लोगों के दबे होने की आशंका

ग्रेटर नोएडा
ग्रेटर नोएडा

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

ग्रेटर नोएडा के थाना बिसरख क्षेत्र के शाहबेरी गांव में मंगलवार (17 जुलाई) को दर्दनाक हादसा हुआ। शाहबेरी गांव में मगलवार रात छह मंजिला दो इमारतें ढहने से तीन लोगों की मौत हो गई। जबकि 50 लोगो की मलबे में दबे होने की आशंका है। एनडीआरएफ की कई टीमें रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटीं हैं। मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए डॉग स्क्वॉड का भी सहारा लिया जा रहा है। सीएम ने घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं। करीब 200 लोग अब भी रेस्क्यू में लगे हुए हैं।

ऐसा पहली बार हुआ है, जब सिर्फ 2 साल पुरानी एक रिहायशी बिल्डिंग ताश के पत्तों की तरह ढह गई। ग्रेटर नोएडा वेस्ट के बिसरख थाना क्षेत्र के शाहबेरी में 6 मंजिला इमारत दूसरी 4 मंजिला इमारत पर गिर गई।

यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दफ़्तर से जिला प्रशासन को तत्काल एक्शन लेने का निर्देश जारी किया गया। चश्मदीदों के मुताबिक, जिस 4 मंजिला इमारत पर 6 माले की बिल्डिंग गिरी, उस बिल्डिंग में करीब 12-15 परिवार रह रहे थे।

पुलिस ने 3 लोगों को गिरफ्तार किय़ा है और 18 लोगों के खिलाफ गैरइरादतन हत्या का केस दर्ज किया गया है। वहीं गौतम बुद्ध नगर के डीएम बृजेश नारायण सिंह ने मामले की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। सिंह ने बताया है कि इस मामले की अपर जिलाधिकारी कुमार विनीत सिंह के नेतृत्व में जांच शुरू कर दी गई है।

उन्होंने बताय़ा कि इमारत के निर्माण में कई खामियां नजर आ रही हैं, फिलहाल 13 बिंदुओं पर जांच के निर्देश दिए गए हैं।अभी तक की जांच के मुताबिक इमारतें अवैध रूप से बन रही थीं। बिना नक्शा पास किए निर्माण किया जा रहा था और सुरक्षा मानकों का पालन भी नहीं किया गया था।

टॉलीवूड की एक्ट्रेस ने पंखे से फांसी लगाकर की आत्महत्या

एक्ट्रेस प्रियंका
एक्ट्रेस प्रियंका
एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com
टॉलीवूड की जानी मानी एक्ट्रेस प्रियंका ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। सूत्रों के मुताबिक, प्रियंका ने अपनी जान वलासारावक्कम में स्थि‍त अपने घर पर ही फांसी लगाकर दी।
आप को बता दें, प्रि‍यंका साउथ के टीवी शो वामसम में ज्योतिका के किरदार के लिए फेमस थीं। इस सीरियल में वह बाहुबली फेम एक्ट्रेस रम्या कृष्णनन के साथ नजर आईं थी। एक्ट्रेस की मौत की खबर सबसे पहले उनकी नौकरानी ने दी। आज बुधवार सुबह जब उनकी नौकरानी उनके घर पर गई तो उसने प्रियंका को पंखे से लटके हुए देख चौकं गई। प्रियंका के आत्महत्या का कारण घरेलू कलह बताया जा रहा है।
मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो, प्रियंका की शादी को करीब 3 साल पहले हुई थी। लेकिन उनकी कोई संतान नहीं थी। परिवार में परेशानी और आपसी अनबन होने की मुख्य वजह यही बताई जा रही है।
वैसे टीवी एक्ट्रेस की बॉडी को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सुसाइड का कारण पता लगाने के लिए जांच कार्य शुरू हो चुका है। बाकि पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगा।

केंद्र सरकार कर्मचारियों और पेंशनर्स को बड़ी खुशखबरी दे सकती है

केंद्र सरकार
केंद्र सरकार

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

मोदी सरकार केंद्रीय कार्यकर्त्ताओं को जल्द ही बड़ा तोहफा देने वाली है, सरकार कर्मचारियों और पेंशनर्स का महंगाई भत्ता बढ़ा सकती है, इसका सीधा असर केंद्रीय कर्मचारियों को मिलने वाली सैलरी और रिटायर्ड कर्मचारियों की पेंशन पर पड़ेगा।

लेबर मिनिस्ट्री इंडस्ट्रियल वर्कर्स के लिए कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स की नई सीरीज पर काम कर रही है, इसके आधार पर महंगाई भत्ते को तय किया जाएगा, सरकार की तरफ से अगर महंगाई भत्ता बढ़ाया जाता है तो इसका फायदा एक करोड़ से ज्यादा कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को मिलेगा‌।

डीए एक कॉस्ट ऑफ लिविंग एडजस्टमेंट अलाउंस है, जो देश में सरकारी कर्मचारियों, पब्लिक सेक्टर के कर्मचारियों और पेंशनर्स को दिया जाता है, इसकी गणना कर्मचारी की बेसिक सैलरी के प्रतिशत के रूप में की जाती है, महंगाई के असर को कम करने के लिए कर्मचारियों को महंगाई भत्ता दिया जाता है।

इकोनॉमिक टाइम्स में प्रकाशित खबर के मुताबिक, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के तहत काम करने वाले लेबर ब्यूरो ने इंडस्ट्रियल वर्कर्स के लिए कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स की नई सीरीज 2016 को बेस ईयर मानते हुए फाइनल कर दिया है।

अखबार के अनुसार, बेस ईयर में प्रत्येक छह साल पर बदलाव किया जाएगा, इस बदलाव का उद्देश्य जीवनयापन के खर्च में आने वाले बदलावों के असर को कम करना है, इससे पहले बेस ईयर में बदलाव साल 2006 में किया गया था, यह बदलाव छठे केंद्रीय पे कमीशन की तरफ से किया गया था।

नए इंडेक्स में नए इंडस्ट्रियल सेंटर्स को भी शामिल किया जाएगा, जिससे ऐसे सेंटरों की संख्या 78 से बढ़कर 88 हो जाएगी, पिछले 15 साल में औद्योगिक कर्मचारियों की जीवनशैली में आने वाले बदलावों का असर शामिल करने के लिए लिस्ट में कार और मोबाइल समेत कई चीजे जोड़ी जा रही हैं।

जितनी चर्चा होगी, उतना फायदा होगा – पीएम मोदी

पीएम मोदी
पीएम मोदी

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

आज से संसद का मॉनसून सत्र शुरू हो रहा है, इससे पहले पीएम नरेंद्र मोदी ने संसद भवन में मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि, मॉनसून सत्र के दौरान कई मुद्दों पर चर्चा की जाएगी और देश हित के मुद्दे पर चर्चा की जाएगी।

पीएम मोदी ने कहा, देश के कई अहम मसलों पर चर्चा होना जरूरी है, उन पर जितनी चर्चा होगी उतना ही देश को भी लाभ होगा, आशा करता हूं कि सभी दल सदन के समय का सर्वाधिक उपयोग देश के महत्‍वपूर्ण कामों को आगे बढ़ाने में करेंगे।

सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस समेत कई विपभी दल इस सत्र में बीजेपी की सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी कर रहे हैं, मॉनसून सत्र में सरकार के पास कई ऐसे बिल हैं, जिसे वह पास कराने की कोशिश करेगी।

17 जुलाई को मॉब लिन्टिंग मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई करते हुए कहा केंद्र सरकार को आदेश जारी करते हुए कहा है कि वह इस पर कानून बनाए, कयास लगाए जा रहे हैं कि मॉनसून के इसी सत्र में केंद्र इस पर कानून को पास बनाकर पास कराने की कोशिश करेगी।

लोकपाल और लोकायुक्त बिल 2014, भ्रष्टाचार निरोधक बिल 2013, व्हिसलब्लोअर प्रोटेक्शन बिल 2015, नेशनल मेडिकल कमीशन बिल 2017, मोटर व्हीकल बिल 2017, कंज्यूमर प्रोटेक्शन बिल 2018, सेरोगेसी बिल 2016, कॉन्ट्रैक्ट लेबर बिल, कोड ऑफ वेजस बिल और इस तरह के 58 ऐसे विधेयक हैं जो संसद के दोनों सत्र में लंबित हैं।

इससे पहले कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर आग्रह किया था कि वह संसद के मॉनसून सत्र में महिला आरक्षण विधेयक को पारित कराएं।

बिहार : महिलाओं को यौन शोषण से बचाने के लिए तैनात किए जाएंगे ट्रांसजेंडर गार्ड

बिहार
बिहार सरकार ने अल्पावास गृह

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

बिहार सरकार ने अल्पावास गृह में यौन शोषण की बढ़ती घटनाओं को रोकने के लिए नया फैसला लिया है। अब अल्पावास गृहों में ट्रांसजेंडर सुरक्षाकर्मी तैनात किए जाएंगे, सरकार द्वारा विभिन्न कारणों से घरों से भटकी महिलाओं एवं लड़कियों को आश्रय देने के लिए बिहार में अल्पवास गृह का निर्माण कराया गया है।

पिछले दिनों मुजफ्फरपुर के अल्पावास गृह में देह व्यापार का बड़ा मामला सामने आया था। जिसमें स्टाफ सहित 10 लोगों को गिरफ्तार किया गया था, इसके बाद छपरा में अल्पावास गृह में एक विक्षिप्त महिला के साथ दुष्कर्म का मामला सामने आने के बाद सनसनी फैल गई थी।

समाचार पत्र इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक, अल्पावास गृह में यौन शोषण की खबरे आने के बाद बिहार सरकार ने ट्रांसजेंडर लोगों को सुरक्षा कर्मचारी के रूप में तैनात करने का फैसला किया है। ये फैसला टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंसेज की एक रिपोर्ट के बाद किया गया है।

समाज कल्याण विभाग के प्रधान सचिव अतुल प्रसाद ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया, टीआईएसएस की रिपोर्ट में यौन शोषण का जिक्र किया गया है और इसके रोकथाम के उपाए भी सुझाए गए हैं। टीआईएसएस ने कई लड़कियों के नाम बताए, लेकिन ये भी कहा कि,  पूरी रिपोर्ट को सार्वजनिक नहीं किया जा सकता है।

उन्होंने बताया, हम अल्पावास गृहों में ट्रांसजेंडर सुरक्षा गार्ड को तैनात करने के प्रस्ताव पर विचार कर रहे थे, इस प्रस्ताव को सोमवार को मुंख्यमंत्री की मंजूरी मिल जाने के बाद हमने इसे लागू करने के लिए औपचारिक आर्डर जारी कर दिया है, अल्पावास गृहों में सुरक्षाकर्मी के तैयार पर नियुक्ति के लिए ट्रांसजेंडर को प्राथमिकता दी जाएगी। इस कदम से यौन शोषण में कमी आएगी, साथ ही ट्रांसजेंडर लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे।

जल्द ही आने वाला है बैंगनी रंग का  100 का नया नोट

जल्द 100 रुपये का नोट
नोट जारी किया जाएगा

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

10, 50, 200, 500 और 2000 के नए नोट जारी करने के बाद रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की तरफ से जल्द 100 रुपये का नोट जारी किया जाएगा, नए नोट का रंग बैगनी होगा और इस पर वैश्विक धरोहर में शामिल गुजरात की ऐतिहासिक रानी की बाव की झलक देखने को मिलेगी।

आकार में यह नोट मौजूदा 100 रुपये के नोट से छोटा और 10 रुपये के नोट से बड़ा होगा, पदैनिक भास्कर में प्रकाशित खबर के अनुसार 100 रुपये के नए नोट की छपाई का काम बैंक नोट प्रेस देवास में शुरू हो चुका है, खसर के मुताबिक, मैसूर में जो शुरुआती नमूने छापे गए थे, उनमें विदेशी स्याही का उपयोग हुआ था, देवास में देशी स्याही का उपयोग के चलते नमूने से रंग मिलान में आई परेशानी को भी हल कर लिया गया है।

खबरों में दावा किया जा रहा है कि 100 रुपये का नया नोट अगस्त के आखिर तक बाजार में आ सकता है, नोट की खासियत यह है कि यह होशंगाबाद के सिक्योरिटी पेपर मिल के स्वदेशी पेपर और स्याही पर छप रहा है, नए नोट के बारे में देवास प्रेस नोट प्रबंधन की तरफ से अभी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है‌।

नोटबंदी के बाद आरबीआई ने 2000 और 500 रुपये का नया नोट जारी किया था, आरबीआई की तरफ से 10, 50, 200, 500 और 2000 रुपये के नए नोट पहले ही जारी किए जा चुके हैं, अब 100 रुपये का नया नोट भी जल्द जारी होने की उम्मीद की जा रही है।

अब नहीं कटेगा चालान, मोदी सरकार का है ये नया प्लान

मोदी सरकार
मोदी सरकार

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

केंद्र सरकार जल्द ही मोटर व्हीकल नियमों में बदलाव करने जा रही है, डिजिटल इंडिया के तहत मोटर व्हीकल एक्ट को भी डिजिटाइज्ड करने की योजना है, यही वजह है कि अब आपको ड्राइविंग लाइसेंस, गाड़ी का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट और इंश्योरेंस साथ लेकर नहीं चलना होगा, यह सब आपके मोबाइल पर होगा।

मोटर व्हीकल नियम में बदलाव होने के बाद ट्रैफिक कंट्रोलर्स गाड़ियों के सभी दस्तावेजों का डिजिटल वर्जन स्वीकार करेंगे, इसमें रजिस्ट्रेशन, गाड़ी का इंश्योरेंस, पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल सर्टिफिकेट और ड्राइविंग लाइसेंस शामिल हैं।

सड़क परिवहन मंत्रलाय जल्द ही इस संबंध में एडवाइजरी जारी कर सकता है, फिलहाल, जारी किए गए ड्राफ्ट में जो प्रस्ताव दिए गए हैं उनमें डिजिटल डॉक्यूमेंट्स भी शामिल हैं, बदलाव के बाद सभी डॉक्युमेंट्स को डिजिटली अपने स्मार्टफोन में सेव रख सकेंगे और जरूरत पड़ने पर दिखाने के काम आएंगे।

सड़क परिवहन मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, विकसित देशों में कंस्ट्रक्शन मैटेरियल बंद ट्रकों में ले जाया जाता है, इसी को देखते हुए यह प्रस्ताव दिया गया है, एक अधिकारी के मुताबिक, खुले ट्रक में जब कंस्ट्रक्शन मैटेरियल ले जाया जाता है तो पर्यावरण को नुकसान होता है।

रोड एंड ट्रांसपोर्ट मिनिस्ट्री के ड्राफ्ट नियमों में कई मुद्दे कवर किए गए हैं, इसमें लंबे रूट पर चलने वाले ट्रकों में दो ड्राइवरों के अनिवार्य रूप से रहने वाले नियम को खत्म करने का प्रस्ताव है, सभी नेशनल परमिट वाले वाहनों में FASTags, फिक्सिंग रिफ्लेक्टिव टेप्स और व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम लगाने का प्रस्ताव दिया गया है।

नाबालिक से 22 लोगों ने 7 महीने तक किया यौन शोषण 

नाबालिक
नाबालिक

एनपी न्यूज़ डेस्क | Navpravah.com

चेन्नई: अयानवरम इलाके में एक नाबालिग बच्ची से गैंगरेप की दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहा पर 22 लोग पिछले 7 महीने से मासूम बच्ची के साथ रेप जैसी वारदात को अंजाम दें रहे थे। चौंकाने की बात यह है कि रेप करने वाले हैवानों में अपार्टमेंट में तैनात सिक्योरिटी गार्ड, लिफ्ट ऑपरेटर, प्लंबर और यहां तक कि रोज पानी सप्लाई करने वाले तक शामिल हैं।

अपार्टमेंट में बच्ची के साथ 7 महीने से गैंगरेप हो रहा था और किसी को कानो कान भनक तक नहीं लगी। जानकारी के मुताबिक, आरोपी नाबालिग बच्ची को नशीला पदार्थ खिलाकर अचेत कर देते, फिर उसके साथ हैवानियत का खेल खेलते।

आखिरकार जब बच्ची ने एक दिन मां और बहन को अपनी आपबीती बताई तो मामले का खुलासा हुआ। बच्ची की मां ने महिला पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है। जिसके बाद अपार्टमेंट में काम करने वाले 18 लोगों को हिरासत में लिया गया है।

जानकारी के मुताबिक, बच्ची ने बताया कि आरोपी उसे नशीला पदार्थ खिलाकर बेहोश कर देते और उसके बाद उसके साथ रेप करते। बच्ची ने यह भी बताया कि आरोपी उसे कभी नशीला इंजेक्शन लगा देते तो कभी नशीला कोल्ड ड्रिंक पिला देते।

यहां तक मासूम को कुछ नशीला पावडर सुंघाकर भी अचेत कर देते। आरोपी न सिर्फ बच्ची के साथ रेप करते बल्कि इस दौरान उन्होंने मासूम के कई अश्लील वीडियो भी बनाए। आरोपियों ने वीडियो इंटरनेट पर अपलोड करने का डर भी दिखाया।

पीड़ित बच्ची आखिरकार जब अपने साथ हो रहे अत्याचारों को नहीं झेल पाई तो उसने बीते शनिवार को स्कूल से लौटते वक्त अपनी बहन को पूरी बात बता दी। पीड़ित बच्ची ने पुलिस को बताया कि अपार्टमेंट में तैनात 66 साल के लिफ्ट ऑपरेटर रवि कुमार ने सबसे पहले उसके साथ रेप किया।

पुलिस ने बताया कि अपार्टमेंट में काम करने वाले सिक्योरिटी गार्ड से लेकर अपार्टमेंट में विभिन्न काम के लिए अक्सर आने जाने वाले वाटर सप्लायर और प्लंबिंग का काम करने वाले 18 लोगों को हिरासत में लिया गया है।अन्य आरोपियों की तलाश भी की जा रही है।

मैं नफरत और भय को मिटाना चाहता हूं – राहुल गांधी

राहुल गांधी
राहुल गांधी

कांग्रेस को मुस्लिमों की पार्टी कहे जाने पर बीजेपी की ओर से किए जा रहे हमले पर रराहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा है कि कांग्रेस पार्टी एक ऐसी पार्टी है जो शोषितों के साथ खड़ी रहती है, इस पार्टी का धर्म-जाति से कोई मतलब नहीं है।

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने ट्वीट किया है, मैं पंक्ति के आखिर में खड़े शख्स के साथ हूं, शोषित, हाशिये पर खड़े और सताए लोगों के साथ हूं, धर्म, उनकी जाति, आस्था मेरे लिए खास मायने नहीं रखती, जिन्हें भी परेशानी है, दुख है, मैं उन्हें गले लगाना चाहता हूं, मैं नफरत और भय को मिटाना चाहता हूं।

हाल ही में एक उर्दू दैनिक ने दावा किया था कि गांधी ने मुस्लिम समाज के बुद्धिजीवियों के साथ बैठक में कहा था कि, कांग्रेस मुसलमानों की पार्टी है। कांग्रेस ने इस खबर को ‘कोरी अफवाह’ करार दिया है और  कहा कि, ‘नरेंद्र मोदी सरकार की विफलताओं’ से ध्यान भटकाने के लिए अफवाहें फैलाई जा रही हैं।

राहुल गांधी के इस बयान पर बीजेपी के राज्यसभा सांसद और प्रवक्ता जेवीएल नरसिम्हा ने कहा, एक ‘मुस्लिम’ पार्टी के तौर पर आप तीन तलाक पर मुस्लिम महिलाओं के खिलाफ गलती कर रहे हैं, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने बीजेपी को खुली चुनौती दी कि वह साबित करके दिखाये कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने अपने दल को “मुस्लिम पार्टी” कहा है।

मध्य प्रदेश कांग्रेस के चुनाव समन्वय समिति के प्रमुख दिग्विजय ने यहां संवाददाताओं से कहा, यह सरासर झूठ है कि राहुल ने कांग्रेस को मुसलमानों की पार्टी कहा है, भाजपा केवल झूठ फैलाकर देश के लोगों को गुमराह करती है।