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Friday, August 7, 2026
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बलूचिस्तान की स्वतंत्रता नहीं चाहता अमेरिका!

अमित द्विवेदी,

जहां बलूचिस्तान अपनी स्वतंत्रता के लिए एक अरसे से संघर्षरत है, वहीं अमेरिका का कहना है कि वह बलूचिस्तान की स्वतंत्रता का समर्थन नहीं करता। अमेरिकी विदेश विभाग के एक अधिकारी ने कहा है कि अमेरिका पाकिस्तान की एकता एवं अखंडता का सम्मान करता है और इसलिए वह बलूचिस्तान की स्वतंत्रता का समर्थन नहीं करता।

अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता जॉन किर्बी से उनके दैनिक संवाददाता सम्मेलन के दरम्यान पूछा गया कि बलूचिस्तान पर अमेरिका का क्या रुख है, क्योंकि भारतीय प्रधानमंत्री (नरेंद्र मोदी) ने यह मुद्दा उठाया है। पाकिस्तान के दक्षिण पश्चिमी प्रांत बलूचिस्तान के अंदर और बाहर दोनों ओर से प्रांत की आजादी की मांग बढ़ने और वहां पाकिस्तानी सुरक्षा बलों द्वारा मानवाधिकारों के उल्लंघन के खिलाफ आवाजें तेज होने से जुड़े इन सवालों के जवाब में किर्बी ने कहा, ‘‘सरकार की नीति यह है कि हम पाकिस्तान की क्षेत्रीय अखंडता का समर्थन करते हैं और हम बलूचिस्तान की स्वतंत्रता का समर्थन नहीं करते।”

गौरतलब है कि बीते 15 अगस्त को देश के 70 वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर, गिलगिट और बलूचिस्तान का मुद्दा उठाया था।

राजधानी दिल्ली में ‘चिकनगुनिया’ पर राजनीति गर्म!

शिखा पाण्डेय,
दिल्ली में ‘चिकनगुनिया’ पर जम कर राजनीति हो रही है। एक ओर मच्छरों ने राष्ट्रीय राजधानी की नाक में दम मचा रखा है, दूसरी ओर स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन गोवा की यात्रा पर हैं। दिल्ली के स्वास्थ्य से अधिक उन्हें गोवा में  अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों की चिंता है।

दिल्ली-एनसीआर में चिकनगुनिया-डेंगू और मलेरिया का प्रकोप तेज से फैल रहा है। दिल्ली में पहली बार चिकनगुनिया के अब तक 1000 से ज्यादा मामले प्रकाश में आए हैं।  सोमवार को दिल्ली में चार लोगों की चिकनगुनिया से मौत हो गई। इसके अलावा कम से कम दस लोग डेंगू और मलेरिया से अपनी जान गवां चुके हैं।

बौखलाई पब्लिक ने जब सत्येंद्र जैन पर सोशल मीडिया पर अपना गुस्सा उतरा, तब मुख्यमंत्री केजरीवाल ने उनका बचाव करते हुए कहा कि इस बारे में एलजी या पीएम से बात करें। केजरीवाल ने ट्वीट किया, “मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री के पास पेन खरीदने तक का अधिकार नहीं है। दिल्ली से जुड़े सभी अधिकार अब पीएम और एलजी के पास हैं। एलजी बाहर गए हुए हैं। दिल्ली के बारे में उन्हीं लोगों से सवाल कीजिए।”

केजरीवाल के ट्वीट का जवाब देते हुए भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि जब दिल्ली आज बीमार है, अरविंद केजरीवाल और उनके सभी मंत्री पंजाब और गोवा में चुनाव में प्रचार कर रहे हैं। उन्होंने कहा,”केजरीवाल फिजूल खर्जी से बचते हैं लेकिन करोड़ों अपने प्रचार में लगा देते हैं। वे  दिल्ली में 10 रुपये का कलम नहीं खरीद सकते लेकिन 1 करोड़ का समोसा खा सकते हैं।”

मीडिया में चल रही खबर के अनुसार, केजरीवाल पंजाब-बेंगलुरु, डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया फिनलैंड और हेल्थ मिनिस्टर गोवा में हैं जिसको लेकर विपक्ष हमलावर हो गया है। एलजी नजीब जंग इस वक्त अमेरिका में हैं। आप मंत्री कपिल मिश्रा दिल्ली में ही हैं, लेकिन उन्होंने दिल्ली एमसीडी पर इन हालातों का ठीकरा फोड़ते हुए पूछा कि बीजेपी के मेयर कहां गायब हैं? मिश्रा ने यह भी कहा कि मच्छरों का भगाने का काम नगर निगम का है।

गौरतलब है कि दिल्ली में अब तक 1057 और डेंगू के 1158 मामलों की पुष्टि म्युनिसिपल कॉरपोरेशन की ओर से की गई है। ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (एम्स) में भी 900 से ज्यादा चिकनगुनिया के मामले सामने आए हैं। सफदरगंज में 532 और लोकनायक हॉस्पिटल में 281 मरीजों को भर्ती किया गया है।

सुपरहिट सॉन्ग ‘काला चश्मा’ की असलियत जानकार चौंक जायेंगे आप!

एंटरटेनमेंट डेस्क
इन दिनों ‘काला चश्मा जंचदा ऐ’ गाना हर किसी की जुबां पर है। ‘बार बार देखो’ का यह गीत जमकर पसंद किया जा रहा है, लेकिन इस गीत से जुड़ी यह असलियत शायद ही कोई जानता हो कि यह गीत आज से 26 साल पहले ही पंजाब पुलिस के एक जवान द्वारा लिखा गया था।

‘काला चश्मा’ गीत वास्तव में कपूरथला की पुलिस लाइन में तैनात जवान अमरीक सिंह शेरा द्वारा सन् 1990 में लिखा गया था। आपको बता दें कि शेरा जितने मुस्तैद सिपाही हैं, उतने ही अच्छे गीतकार भी हैं।

शेरा के लिखे कई गाने हिट हो चुके हैं, हालांकि कभी उन्हें उनके गानों की उचित कीमत नहीं दी गई। अब हाल में रिलीज हुई बॉलीवुड फिल्म ‘बार बार देखो’ को ही देख लीजिये। फिल्म भले ही बहुत ज़्यादा कमाल न दिखा पाई हो, पर ‘काला चश्मा’ लोगों के दिलों में छा गया है। फिल्म करोड़ों का बिजनेस भी कर चुकी है, लेकिन आप सुनकर हैरान रह जायेंगे कि इस गीत के  बदले शेरा को दिए गए हैं मात्र 11000 रुपये।

शेरा ने बताया कि इस गाने को फिल्म में चलाए जाने की सच्चाई उनसे छिपाकर रखी गई। उन्होंने बताया कि मुंबई से आए कुछ लोगों ने बताया कि यह गाना एक सीमेंट फैक्ट्री के ईवेंट में गाया जाएगा और  इसके लिए केवल 11000 रुपये में एग्रीमेंट साइन करवा लिया। फिल्म में अपना गाना धोखे से लिए जाने को लेकर उन्हें अफसोस है, लेकिन गाने के सफलता से वह खुश भी हैं।

अमरीक ने यह गीत लिखने के में विषय में  बताया कि 1990 में जब वह 9वीं कक्षा में पढ़ रहे थे तब एक बार अपने दोस्त के साथ चंडीगढ़ गए थे। वहां उन्होंने एक खूबूसरत लड़की को देखा, जिसने आंखों पर काला चश्मा लगाया हुआ था और चंडीगढ़ का एक पुलिस आरक्षक उसे बहुत गौर से देख रहा था। उन्होंने तुरंत उस पल को मन में कैद कर उस पर गाना लिख दिया।

वर्ष 2010  से पंजाब पुलिस जॉइन करने वाले शेरा ने बताया कि इस गाने को लेकर वह कई नामचीन कलाकारों के पास गए, अंत में अमर अर्शी ने इस गाने को स्टेज पर गाया। बाद में 1990 में ही यह गाना इंग्लैंड में वीआईपी कंपनी ने रिकॉर्ड किया और 1994 में भारत में केट्रेक कम्पनी ने इसे फिर रिकॉर्ड किया। इसके बाद शेरा ने कई हिट गाने लिखे लेकिन मेहनताना नहीं मिलने के चलते उन्होंने लेखन का काम बंद कर दिया। शेरा ने बताया कि इस गाने के चलते कई लोगों ने उनसे संपर्क किया है और उन्हें कई ऑफर मिल रहे हैं।

मंत्रियों की बर्ख़ास्तगी का फैसला अखिलेश का, मुझे जानकारी ही नहीं- मुलायम सिंह

शिखा पाण्डेय,
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव द्वारा उत्तर प्रदेश के दो कैबिनेट मंत्रियों गायत्री प्रजापति और राजकिशोर सिंह की बर्ख़ास्तगी पर सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव का कहना है कि उन्हें इस विषय में कोई जानकारी ही नहीं है। मुलायम ने कहा कि अखिलेश यादव ने उनसे पूछकर फैसला नहीं किया है, मुख्यमंत्री को मंत्रियों को बर्खास्त करने का विशेषाधिकार होता है।

गायत्री और राजकिशोर के करीबी होने के प्रश्न पर मुलायम ने कहा, “सबको मैंने ही मंत्री बनाया है। इसलिए सरकार के सभी मंत्री मेरे करीबी हैं।” मुलायम ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि प्रदेश में हमारी सरकार बेहतर काम कर रही है और ऐसे में मंत्रियों पर किसी तरह के आरोप नहीं लगने चाहिए। उन्हें भ्रष्टाचार से दूर रहना चाहिए।

गौरतलब है कि कल बर्खास्त किये गये खनन मंत्री गायत्री प्रजापति मुलायम सिंह यादव के करीबी माने जाते हैं। उनपर भ्रष्टाचार के तमाम आरोप लगे हैं और उनकी बर्खास्तगी की मांग भी विपक्ष करता रहा है।

मुलायम ने कहा कि वे लगातार कहते रहे हैं कि मंत्री बेदाग रहें, तभी जनता वोट देगी। सपा अध्यक्ष ने कहा, गायत्री और राजकिशोर मंत्री भले ही नहीं रहे, पर हमारे विधायक हैं। इसलिए यह लोग मिलना चाहेंगे, तो वह जरूर मिलेंगे।

आपको बता दें कि गायत्री प्रसाद प्रजापति और राजकिशोर सिंह की बर्खास्तगी के बीच कैबिनेट मंत्री शिवपाल यादव सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव से मिले थे। अब मुलायम भले ही इस बात की जानकारी होने से इनकार करें, पर उन दोनों की मुलाक़ात को मंत्रियों की बर्खास्तगी पर पार्टी में एक राय बनाने से जोड़ कर देखा जा रहा है।

पूरे कश्मीर में ईद के मौके पर कर्फ्यू, सुरक्षाबलों की फ़ायरिंग में एक शख़्स की मौत

शिखा पाण्डेय
ईद-उल-अजहा(बक़रीद) त्योहार के अवसर पर जम्मू-कश्मीर से आज फिर हिंसा की ख़बर आई है। बांदीपुर इलाक़े में सुरक्षाबलों की फ़ायरिंग में एक शख़्स की मौत हो गई है और कई लोग घायल हुए हैं।

उत्तरी कश्मीर के बांदीपुरा में ईद की नमाज़ के बाद हुए विरोध प्रदर्शन में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हो गई। इसमें एक 24 साल के युवक की मौत हो गई। युवक का नाम मुर्तजा बताया जा रहा है। इन सबके बीच कर्फ्यू जारी है।

कश्मीर में करीब दो महीने से फैले अशांति के माहौल को देखते हुए बकरीद के मौके पर कोई अप्रिय घटना न हो, इसलिए घाटी के सभी 10 ज़िलों में कर्फ्यू लगाने का निर्णय लिया गया था। इस दौरान सुरक्षाबल चॉपर और ड्रोन से भी नज़र रख रहे हैं, ताकि किसी तरह की अप्रिय घटना को अंजाम न दिया जा सके।

कश्मीर में वर्ष 1990 में आतंकवाद शुरू होने के बाद संभवत: यह पहली बार है जब ईद के मौके पर कर्फ्यू लगाया गया है। सूत्रों ने कहा कि हेलीकॉप्टर और ड्रोन आसमान से पैनी नजर रखेंगे और कुछ क्षेत्रों में लोगों के एकत्रित होने की स्थिति में सुरक्षाबलों को पूर्व चेतावनी देंगे।

ईद के अवसर पर ईदगाह और हजरबल धार्मिक स्थलों पर ईद के मौके पर लोगों को एकत्रित होने की अनुमति नहीं होगी। सूत्रों ने कहा कि हालांकि लोगों को स्थानीय मस्जिदों में ईद की नमाज पढ़ने की अनुमति होगी। आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों के एकत्रित होने पर प्रतिबंध लगाने का फैसला कल संयुक्त राष्ट्र के स्थानीय कार्यालयों तक अलगाववादियों के मार्च के आह्वान को ध्यान में रखकर किया गया है।

आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि सेना से तैयार रहने के लिए कहा गया है और अगर घाटी में हिंसा होती है तो सेना मोर्चा संभालेगी। उन्होंने कहा कि सेना के जवानों की ग्रामीण क्षेत्रों के उन स्थानों पर पहले ही तैनाती की गई है, जहाँ हिंसक प्रदर्शनों का इतिहास रहा है।

आपको बता दें कि जम्मू कश्मीर सरकार ने सोमवार से ही सभी टेलीकॉम नेटवर्क को इंटरनेट सेवाएं तथा सरकारी बीएसएनएल के अलावा सभी को मोबाइल सेवाएं 72 घंटे तक बंद रखने का आदेश दिया है। राज्य के मौजूदा तनावपूर्ण माहौल को ध्यान में रखते हुए एहतियातन यह कदम उठाया गया था

हालांकि पोस्टपेड बीएसएनएल कनेक्शन को इस दायरे से बाहर किया गया है, क्‍योंकि इसे मुख्य रूप से पुलिस, सेना और सरकारी अधिकारियों द्वारा प्रयोग किया जाता है।

पैरॉओलम्पिक में भारत को मिली एक और बड़ी सफलता ,दीपा ने जीता सिल्वर मेडल

India's Deepa Malik gestures as she competes in the women's final shot put F53 athletics event during the Paralympic Games at the Olympic Stadium in Rio de Janeiro, Brazil, Monday, Sept. 12, 2016. Malik won the silver. (AP Photo/Mauro Pimentel)
अनुज हनुमत
“मंजिलें उन्हीं को मिलती हैं,जिनके सपनों में जान होती है,
पंखों से कुछ नहीं होता,हौसलों से उड़ान होती है ।”

इन्हीं  पंक्तियों को चरितार्थ किया है रियो डी जेनेरियो में जारी पैरालंपिक 2016 में भाग ले रहे भारत के खिलाड़ियों ने। गोल्ड और ब्रांज मेडल जीतने के बाद भारत को एक और बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। भारत की दीपा मलिक ने महिलाओं की शॉटपुट स्पर्धा में सिल्वर मेडल हासिल किया है।

शॉटपुट स्पर्धा में 36 वर्ष की दीपा मलिक ने 4.61 का स्कोर बनाया और वे दूसरे स्थान पर रहीं। इसी स्पर्धा में पहले स्थान पर फातिमा नेधाम रहीं जिनका स्कोर 4.76 रहा। दिमित्रा कोरोकिदा ने 4.28 का स्कोर बनाकर ब्रांज मेडल हासिल किया।

आपको बता दें कि दीपा मलिक न सिर्फ शॉटपुट बल्कि जैवलीन थ्रो, तैराकी और मोटर रेस से भी जुड़ी रही हैं। उनके शरीर का निचला हिस्सा सुन्न है लेकिन उन्होंने इसे अपने खेल के आगे नहीं आने दिया। उनकी उपलब्धियों के चलते उन्हें भारत सरकार की ओर से अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित भी किया जा चुका है। जो सपना रियो ओलम्पिक में खिलाड़ी नहीं सच कर पाये , उसे अब पैरॉओलम्पिक में भाग ले रहे खिलाड़ियों द्वारा सच किया जा रहा है ।

गौरतलब है कि दीपा मलिक के पदक के साथ भारत के इस पैरालंपिक में तीन पदक हो गए हैं। इससे पहले भारत को ऊंची कूद में एक गोल्ड और ब्रांज मेडल मिल चुका है। ये उपलब्धि क्रमशः मरियप्पन थांगावेलू और वरुण भाटी ने दर्ज की थी।

पेंटागन ने आईएस प्रवक्ता अल अदनानी के अमेरिकी हमलों में मारे जाने की पुष्टि की

ISIL’s Mastermind Abu Mohammad Al-Adnani Behind Killing of Over 1,800 People
शिखा पाण्डेय,
अमेरिकी सेना के एक अधिकारी ने इस बात की पुष्टि की है कि पिछले माह उत्तरी सीरिया में इस्लामिक स्टेट के वरिष्ठ नेता और प्रवक्ता अबु मोहम्मद अल-अदनानी को निशाना बनाकर किया गए हमले में उसकी मौत हुई थी।

सेना के अधिकारी ने इस आधिकारिक घोषणा से पहले अपनी पहचान उजागर न करने की शर्त इस बात की पुष्टि की कि अल-अदनानी मारा गया।

गौरतलब है कि बीते माह अगस्‍त में इस्लामिक स्टेट ने सीरिया के अलेप्पो प्रांत में समूह के प्रवक्ता और विदेशी आतंकी अभियानों के रणनीतिकार अबु मोहम्मद अल-अदनानी के मारे जाने की घोषणा की थी। आतंकी समूह ने अपनी संवाद समिति अमाक के माध्यम से अदनानी की मौत की घोषणा की थी। अमाक ने कहा कि अदनानी अलेप्पो के खिलाफ सैन्य गतिविधियों को विफल करने के अभियानों का सर्वेक्षण करते हुए शहीद हो गया। आईएस ने अदनानी की मौत का बदला लेने का भी संकल्प लिया था।

वहीं, पेंटागन ने कहा था कि उसने अल बाब शहर के पास एक हमले में आईएसआईएस के नेता को निशाना बनाया था और वह अभी इस हमले के नतीजों का आकलन कर रहा है। अमेरिका ने इस बात की पुष्टि की है कि उसने इस क्षेत्र में अदनानी को निशाना बनाकर हवाई हमला किया था।

भ्रष्टाचार के आरोप में घिरे दो बड़े कद्दावर मंत्रियों को सीयम अखिलेश यादव ने किया बर्खास्त

अनुज हनुमत

पिछले कुछ समय से लगातार अपने मंत्रियों के भ्रष्टाचार में लिप्त होने के आरोपों को झेल रहे मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने आज सोमवार को एक कड़ा कदम उठाते हुए दो मंत्रियों को बर्खास्त कर दिया। सूबे के  मुख्यमंत्री ने सबसे पहले बड़ा निर्णय लेते हुए कोयला और खनन मंत्री गायत्री प्रजापति को मंत्री पद से बर्खास्त कर दिया और कुछ ही घंटों बाद पंचायती राज मंत्री राज किशोर सिंह को भी बर्खास्त कर दिया।

इसके बाद मुख्यमंत्री ने दोनों मंत्रियों की बर्खास्तगी के लिए राज्यपाल राम नाईक को लेटर भी भेजा दिया है। आपको बता दें कि हाल ही में हाईकोर्ट ने सूबे में खनन घोटाले के मामले में सीबीआई जांच के आदेश दिए थे, जिसके बाद आज मुख्यमंत्री ने यह बड़ा कदम उठाया है ।

इन दोनों मंत्रियों के खिलाफ लगातार भ्रष्टाचार में शामिल होने की खबरें सूबे के मुखिया अखिलेश यादव तक पहुँच रही थीं । मंत्रियो पर लग रहे इन तमाम आरोपों के कारण चुनाव से ठीक पहले सरकार की साख पर बट्टा भी लग रहा था। सरकार ने मंत्रियों को बर्खास्त करके यह सन्देश देने की कोशिश की है कि किसी भी हालत में सरकार को भ्रष्टाचार मंजूर नहीं है। सीएम अखिलेश के इस कदम को डेमैज कंट्रोल बताया जा रहा है ।

गौरतलब है कि यूपी में अवैध खनन की सीबीआई जांच रुकवाने के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट की बड़ी बेंच में पहुंची अखिलेश सरकार को तगड़ा झटका लगा था।  हाईकोर्ट ने सीबीआई जांच पर रोक लगाने से इनकार करते हुए राज्य सरकार से सवाल पूछा था कि अगर खनन में कोई गड़बड़ी नहीं है तो सरकार जांच से क्यों बचना चाहती है ?

आपको बता दें कि सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव के करीबी माने जानेवाले गायत्री प्रजापति अपनी कार्यशैली को लेकर पहले भी विवादों में रहे हैं। सामाजिक कार्यकर्ता नूतन ठाकुर ने प्रजापति के खिलाफ खनन के जरिये अवैध वसूली का आरोप लगाते हुए लोकायुक्त से भी शिकायत की थी। कुल मिलाकर समाजवादी पार्टी यह नहीं चाहती कि चुनाव से ठीक पहले विपक्ष को कोई मुद्दा मिल जाये।

वावरिंका ने बड़ा उलटफेर करते हुए जीता यूएस ओपन 2016 का ख़िताब

अनुज हनुमत,

यूएस ओपन में एक बड़ा उलटफेर करते हुए तीसरी वरीयता प्राप्त स्विट्जरलैंड के स्टेनिसलास वावरिंका ने दुनिया के नंबर एक टेनिस खिलाड़ी नोवाक जोकोविच के विजयी अभियान को रोकते हुए यूएस ओपन ग्रैंड स्लैम पर अपना कब्जा जमा लिया है। वावरिंका ने फाइनल में शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए जोकोविच पर 6-4, 7-5, 6-3 से जीत दर्ज की।

वावरिंका के लिए ये ख़िताब इसलिए भी खास है, क्योंकि उन्होंने पहली बार यूएस ग्रैंड स्लैम जीता है। यह उनके करियर का तीसरा ग्रैंडस्लैम है। इससे पहले, वावरिंका ने छठी वरीयता प्राप्त जापान के केई निशिकोरी को 4-6, 7-5, 6-4, 6-2 से पराजित कर फाइनल में जगह बनाई थी।

आपको बता दें कि निशिकोरी ने इससे पहले एक बड़ा उलटफेर करते हुए विश्व के दूसरे नंबर के खिलाड़ी और दो बार के ओलम्पिक चैंपियन ब्रिटेन के एंडी मरे को हराकर सेमीफाइनल में स्थान पक्का किया था, लेकिन वह सेमीफाइनल में वावरिंका से पार नहीं पा सके। सबसे ख़ास बात ये है कि स्टेन वावरिंका इससे पहले 2014 में ऑस्ट्रेलियन ओपन और 2015 में फ्रेंच ओपन में भी एक बड़ा उलटफेर करते हुए चैंपियन रह चुके हैं।

यूएस ओपन में वावरिंका को तीसरी रैंकिंग मिली थी। जब उन्होंने ऑस्ट्रेलियन ओपन और फ्रेंच ओपन जीता था, तब उनकी रैंकिंग 8 थी। इसलिए यूएस ओपन 2016 के फाइनल मैच में 3 रैंक लेकर जब वावरिंका मैदान में नंबर 1 खिलाड़ी जोकोविच के खिलाफ उतरे तो कुछ लोग बड़े उलटफेर की भविष्यवाणी पहले कर चुके थे। आखिरकार वावरिंका ने यह कमाल कर दिखाया।

बेंगलुरू की रोशमिता हरिमूर्ति ‘मिस यूनिवर्स 2017’ के लिए करेंगी भारत का प्रतिनिधित्त्व

बेंगलूरू की रोशमिता हरिमूर्ति को ‘मिस दिवा 2016’ चुनी गई हैं। वह अगले साल ‘मिस यूनिवर्स’ प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। 22 वर्षीय रोशमिता ने 15 लड़कियों के बीच इस प्रतिस्पर्धा में जीत हासिल की।

कामयाबी से बेहद खुश हैं रोशमिता

अपने सर पर खूबसूरती का बेशकीमती ताज  सजने के बाद रोशमिता की ख़ुशी का ठिकाना नहीं था। उन्होंने पीटीआई से बातचीत के दौरान कहा,”यह एक अत्यंत उत्साहपूर्ण यात्रा थी। यह मेरे लिए एक अद्भुत अनुभव रहा है। सभी कार्यों और प्रतियोगिताओं ने वास्तव में मुझे एक विजेता बनने में मदद की है।”

रोशमिता अभी ‘अंतर्राष्ट्रीय व्यापार’ विषय की पढ़ाई कर रही हैं और उनका कहना है कि वह जल्दी ही ‘मिस यूनिवर्स प्रतियोगिता 2017’ के लिए तैयारी शुरू कर देंगी।