गुजरात की जनता को बोझ लगते हैं जेटली – यशवंत सिन्हा
शक्ति सिंह गोहिल पर भड़की भाजपा, कहा, “सरदार पटेल की तुलना हार्दिक से करना उनका अपमान”

सौम्या केसरवानी । Navpravah.com
गुजरात कांग्रेस के शक्ति सिंह गोहिल ने एक विवादित बयान दिया था कि, हार्दिक पटेल में ‘‘सरदार पटेल का डीएनए’’ है। भाजपा ने बयान की निंदा करते हुए कहा कि ये तुलना करना स्वतंत्र भारत के पहले उप प्रधानमंत्री सरदार वल्लभ भाई पटेल का अपमान है।
भाजपा ने कहा कि, जिन्हें ‘‘लौह पुरुष’’ के नाम से जाना जाता है, और जिन्होंने देश को एक सूत्र में पिरोने के लिए जी जान लगा दिया उनकी तुलना किसी ऐसे व्यक्ति से करना जो देश को बाँटने का काम कर रहा है, ये सरदार का अपमान ही है। गुजरात कांग्रेस के सीनियर नेता शक्ति सिंह गोहिल ने सोमवार को कहा था कि राज्य में सत्तारूढ़ भाजपा का सामना करने में हार्दिक का सतत् और सही रूख दर्शाता है कि उनमें ‘‘सरदार पटेल का डीएनए’’ है, जिसे अंग्रेजों द्वारा तोड़ा या दबाया नहीं जा सका।
सोशल मीडिया पर हार्दिक पलेट का सेक्स क्लिप आने के बाद उन्होंने कहा था, ‘‘हार्दिक पटेल अपने समुदाय के खिलाफ अन्याय की लड़ाई लड़ रहे हैं, जिसे अमित शाह के करोड़ों रुपये से भी नहीं खरीदा जा सका और महीनों जेल में बंद रखे जाने के बावजूद उसे नहीं तोड़ा जा सका।
भाजपा नेता मनसुख मंडाविया ने गोहिल के बयान पर कहा कि हार्दिक की सरदार पटेल से तुलना लौह पुरुष, गुजरात और देश का अपमान है, उन्होंने कहा, यह कहना कि एक व्यक्ति जो इस तरह के शर्मनाक हरकत (सेक्स क्लिप) में पकड़ा गया है, उसमें सरदार पटेल का डीएनए है, तो यह उनका अपमान है।
ऑस्ट्रेलिया: समलैंगिक शादी के पक्ष में भारी मतदान, जल्द बनेगा कानून
कोमल झा । Navpravah.com
ऑस्ट्रेलिया में समलैंगिक शादियों को कानूनी मान्यता देने के लिए एक सर्वे कराया गया, जिसके पक्ष में भारी मतदान किया गया। ऑस्ट्रेलियन ब्युरो ऑफ स्टैटिस्टिक्स द्वारा बुधवार को जारी किए गए परिणाम में 61% लोगों ने समर्थन में वोटिंग की और 38% लोगों ने इसके खिलाफ वोटिंग की। इस सर्वे में 1 करोड़ 27 लाख लोग शामिल हुए।
इस सर्वे से भले ही समलैंगिक शादियों को ऑस्ट्रेलिया में कानूनी मान्यता नहीं मिले, लेकिन, संसद में समलैंगिक शादियों के लिए कानून लाने का रास्ता जरूर खुल गया है। समलैंगिक शादी पर सरकार ने आठ हफ़्तों तक पोस्टल सर्वे चलाए और लोगों की राय ली। वैसे इस सर्वे में शामिल होने और अपनी राय देने की कोई बाध्यता नहीं थी। रिजल्ट आने के बाद प्रधानमंत्री मैल्कम टर्नबुल ने कहा, ‘लाखों लोगों ने जवाब दिया है। उन्होंने समलैंगिक शादी के पक्ष में भारी वोट किया है। उन्होंने कहा कि क्रिसमस तक इसे कानूनी मान्यता दी जा सकती है। उन्होंने कहा कि लोगों ने निष्पक्षता के लिए ‘हां’ में वोट दिया। उन्होंने प्यार के लिए ‘हां’ में वोट दिया। उन्होंने प्रतिबद्धता के लिए ‘हां’ में वोट किया है।’
वहीं विपक्षी लेबर पार्टी के नेता बिल शॉर्टन ने मेलबॉर्न रैली में कहा कि पोस्टल सर्वे को कभी नहीं करना चाहिए था। बता दें कि साल 2004 में ऑस्ट्रेलिया ने विवाह अधिनियम 1961 में संशोधन करते हुए समलैंगिक विवाह पर प्रतिबंध लगा दिया था। इस सर्वे के परिणाम जानने के लिए बुधवार सुबह से ही लोग सिडनी के प्रिंस अल्फ्रेड पार्क पर इकट्ठा होने लगे थे। पार्क पर जमा हुए लोगों में से रैनबो झंडा उठाए एक व्यक्ति ने कहा कि गे और लेस्बियन ऑस्ट्रेलियन के तौर पर यह हमारे लिए गौरव हैं और मैं अपने देश पर गर्व कर सकता हूं।
ऑस्ट्रेलिया के तस्मानिया प्रांत ने 20 साल पहले पुरुष समलैंगिकता शादी को क़ानूनी वैधता प्रदान दी थी। ऐसे करने वाला वह तस्मानिया ऑस्ट्रेलिया का अंतिम राज्य था। लेकिन साल 2004 में ऑस्ट्रेलिया ने विवाह अधिनियम 1961 में संशोधन करते हुए समलैंगिक विवाह पर प्रतिबंध लगा दिया था।
11.5 करोड़ रूपए में नीलाम हुई दाऊद की संपत्ति
एनपी न्यूज़ डेस्क । Navpravah.com
अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम की जब्त की गई तीनों संपत्ति आज नीलाम हो गई। दाऊद की संपत्ति की बात की जा जाए तो उनमें रौनक अफरोज होटल, डांबरवाला बिल्डिंग और शबनम गेस्ट हाउस प्रमुख है जिसे सैफी बुरहानी ट्रस्ट ने 11.5 करोड़ में खरीदा है। इससे पहले भी इन संपत्तियों को कई बार नीलाम किए जाने की कोशिश हो चुकी थी लेकिन डॉन का डर कहिए या फिर कोई और वजह अब तक दाऊद की ये संपत्तियां नीलाम नहीं हो पाई थीं लेकिन आज की नीलामी में स्वामी चक्रपाणि और सुप्रीम कोर्ट के एक वकील समेत कई लोग पहुंचे थे।

रौनक अफरोज होटल के लिए पत्रकार एस बालाकृष्णन ने पिछली बार 4 करोड़ 28 लाख की बोली लगाई थी, लेकिन वो रकम न चुका सके। ये नीलामी मुंबई के चर्चगेट के आईएमसी बिल्डिंग में स्थित किलाचंद कांफ्रेंस रूम में सुबह 10 बजे से 12 बजे के बीच संपन्न हुई। दाऊद की जिन सम्पत्तियों की नीलामी हुई, उनमें रौनक अफरोज होटल- 4.53 करोड़ रूपए, डांबरवाला बिल्डिंग- 3.53 करोड़ रूपए और शबनम गेस्ट हाउस- 3.52 करोड़ रूपए है।
स्वामी चक्रपाणी ने ऐलान किया था कि वे दाऊद की संपत्ति खरीदकर उस पर शौचालय बनवाएंगे। चक्रपाणी तब सुर्ख़ियों में आए थे, जब उन्होंने गाजियाबाद में दाऊद की कार पर आग लगवा दी थी। उस वक्त मुंबई में हुई नीलामी में 32 हजार रुपये में उन्होंने कार को खरीदा था। इसके बाद उनकी हत्या की साजिश रची गई थी। हत्या की साजिश रचे जाने के मामले में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने दाऊद के गुर्गे जुनैद, रॉबिनसन के साथ 4 अन्य लोगों को हिरासत में लिया है।
दाऊद इब्राहिम की हिट लिस्ट में उसके दो बड़े दुश्मन सामने आए हैं। इनमें चक्रपाणी के अलावा दिल्ली के तिहाड़ जेल में बंद डी-कंपनी का दुश्मन छोटा राजन है। दाउद हर हाल में उसे भी मारना चाहता था, लेकिन छोटा राजन के भारतीय एजेंसियों के जरिए गिरफ्तार होने के बाद उसका ये सपना अधूरा ही रह गया। कई देशों में उसकी संपत्ति है
दाऊद की बातचीत का ऑडियो टेप लीक, नदीम ने की थी गुलशन कुमार की हत्या_


दुनिया की तीसरी बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा भारत: मेरिल लिन्च रिपोर्ट

हार्दिक CD कांड: हार्दिक पटेल के समर्थन में आए जिग्नेस मेवानी

गुजरात में भाजपा की जीत तय -नितीश कुमार
एनपी न्यूज़ नेट्वर्क । Navpravah.com
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोमवार को कहा कि आरक्षण के मुद्दे पर उनका नजरिया स्पष्ट है, उन्होंने कहा कि वे पाटीदार के ही नहीं, जाट और मराठा आरक्षण के भी पक्षधर हैं।
मुख्यमंत्री ने यहां ‘लोक संवाद कार्यक्रम’ में भाग लेने के बाद संवाददाताओं से चर्चा करते हुए कहा, “मैं आरक्षण का प्रारंभ से समर्थक रहा हूं। आरक्षण के मुद्दे पर हमारा नजरिया स्पष्ट है। उन्होंने यह भी कहा कि आज आरक्षण के लिए ऐसे समुदायों को भी क्यों मांग करनी पड़ रही है, यह भी देखना चाहिए। उन्होंने गुजरात विधानसभा चुनाव के बारे में कहा कि, गुजरात में भी भाजपा की जीत तय है, जो लोग हार की बात कर रहे हैं, उन्हें भावना भी समझनी चाहिए। भाजपा को गुजरात चुनाव में कोई खतरा नहीं है।
नीतीश ने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर पर कहा कि जम्मू और कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है। नीतीश ने एक बार फिर बाल विवाह और दहेज प्रथा विरोध की चर्चा करते हुए कहा कि इसके साथ ही शराबबंदी के लिए भी काम हो रहा है, उन्होंने कहा कि इससे राज्य में माहौल बदल गया है।
फ़िल्म पद्मावती मामला: सलमान ख़ान ने कहा, “सेंसर बोर्ड करे हस्तक्षेप”
कोमल झा । Navpravah.com
संजय लीला भंसाली की फिल्म ‘पद्मावती’ का देशभर में कई संगठन विरोध कर रहे हैं। कोई फिल्म के पक्ष में, तो कोई विरोध में खड़ा दिखाई दे रहा है। इन सब के बीच बॉलीवुड के सुल्तान सलमान खान ने फिल्म पद्मावती के रिलीज विवाद में अपनी राय जाहिर की है। उन्होंने निर्देशक भंसाली का साथ देते हुए कहा कि उनकी फिल्म में कभी कुछ गलत नहीं होता। वे अच्छी फिल्में बनाते हैं। सलमान ने एक इंटरव्यू के दौरान कहा, सेंसर बोर्ड को इस मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए। बिना फिल्म देखे किसी को कोई फैसला करने का अधिकार नहीं है।
सलमान खान ने एक इंटरव्यू में कहा, “मैं यह कहना चाहता हूं कि आपको यहां सेंसर बोर्ड, वे फैसला ले सकते हैं। संजय बहुत ही खूबसूरत और शानदार फिल्म बनाते हैं।” पद्मावती पहली दिसंबर को रिलीज हो रही है और विभिन्न हिंदू संगठनों न इसे लेकर अपनी आपत्ति दर्ज की है। कहा जा रहा है कि इसमें राजपूता रानी पद्मावती की सही तस्वीर पेश नहीं की जा रही है और इतिहास को तोड़-मरोड़ को पेश किया जा रहा है।
बता दें कि सलमान ही नहीं, बाकी फिल्म इंडस्ट्री भी निर्देशक संजय लीला भंसाली के साथ आ गई है। डायरेक्टर्स एसोसिएशन सहित 5 फिल्म संगठन ने मिलकर गृह मंत्री राजनाथ सिंह से फिल्म रिलीज के मामले में दखल की अपील की है।
बता दें कि राजस्थान, गुजरात, मध्यप्रदेश और हरियाणा में पद्मावती का विरोध किया जा रहा है। अगर इन चार राज्यों में ये फ़िल्म रिलीज नही हुई तो इस फ़िल्म पर औऱ इसके बजट पर इसका क्या असर होगा ये देखना दिलस्चस्प है। यदि फ़िल्म पद्मावती राजस्थान, गुजरात, मध्यप्रदेश और हरियाणा जैसे राज्य में रिलीज नही हुई तो इसका काफी असर पड़ेगा। राजस्थान, गुजरात, हरियाणा का पूरा इलाका और गुजरात यानी आधा मुम्बई सर्किट का इलाका। कुल मिलाकर फ़िल्म को नुकसान होगा. 18-19 फीसदी से भी अधिक फ़िल्म पर असर होगा। एग्जीबिटर्स को भी अब डर लगने लगा है, क्योंकि अगर तोड़फोड़ हुई तो उनका भी नुकसान होगा. बता दें कि फ़िल्म पद्मावती का बजट लगभग 180 से 190 करोड़ है और ऐसे में ये देखना दिलचस्प है कि ये फ़िल्म इतने कॉन्ट्रवर्सीज के बाद इन राज्यों में रिलीज हो पाती है या नहीं।
















सदियों से हो रहा है यौन शोषण- मुकेश भट्ट
कोमल झा|Navpravah.com
हॉलीवुड प्रोड्यूसर हार्वी वीनस्टाइन से जुडे़ यौन उत्पीड़न मामलों के सनसनीख़ेज़ खुलासे के बाद ग्लैमर इंडस्ट्री में कास्टिंग काउच जैसे मुद्दों पर एक बहस छिड़ी हुई है। कास्टिंग काउच और यौन शोषण पर कई एक्टर्स के खुलासे पर बहस अभी थमी ही नहीं थी कि अब बॉलीवुड डायरेक्टर मुकेश भट्ट ने इस पर एक विवादित बयान दे दिया है।
फिल्म एंड टेलीविजन प्रोड्यूसर्स गिल्ड ऑफ इंडिया के चेयरमैन मुकेश भट्ट से जब इंडस्ट्री में यौन उत्पीड़न के मामले को लेकर सवाल किया गया तो, उन्होंने कहा था- ”हम लोग क्या कर सकते हैं। मोरल पुलिसिंग नहीं की जा सकती। कोई लड़की यौन उत्पीड़न का शिकार ना बने, इसके लिए हर फ़िल्ममेकर के दफ़्तर के बाहर मोरल पुलिस तैनात नहीं की जा सकती।” और उन्होंने आगे कहा, ‘मैं यह नहीं कहता कि महिलाओं का शोषण करने वाले पुरुष समाज में नहीं होते। ये शोषण सदियों से होता चला आ रहा है, लेकिन आज के दौर में महिलाएं भी उतनी मासूम और सीधी सादी नहीं हैं जितनी दिखने की कोशिश करती हैं। समाज में अच्छे बुरे हर तरह के इंसान मौजूद हैं, इसलिए कुछ चालाक महिलाएं पुरुषों का शोषण भी करने वाली होती हैं।’
भट्ट के इस बयान के बाद उनकी आलोचना की जाने लगी, उन्हें अपने बयान पर सफाई देनी पड़ी। मुकेश भट्ट ने कहते हैं- ”जो मैंने कहा और जिस तरह उसे पेश किया गया, वो एक-दूसरे के बिल्कुल विपरीत हैं। ‘मेरा ये कहना साफ था कि पहले तो इंडस्ट्री में यौन शोषण जैसी घटनाएं होनी ही नहीं चाहिए। और कहा कि यौन उत्पीड़न लिंग पर आधारित नहीं होता। कुछ मामलों में पुरुष फ़ायदा उठाते हैं और कुछ में महिलाएं इसका फ़ायदा उठाती हैं। इसे तोड़-मरोड़कर कहा जा रहा है, जिससे ये मुद्दे से भटक गया।”