उत्तर प्रदेश।। दुनियाभर में कोरोना जैसी महामारी चल रही है और इससे मरने वालों का आंकड़ा थमने का नाम नहीं ले रहा है. उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले में अचानक सैकड़ों बगुलों की संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है. बगुलों की मौत की खबर मिलने के बाद वन विभाग के अधिकारी यहां पहुंचे और बगुलों के नमूने जांच के लिए फॉरेंसिक साइंस लैब में भेजे गए हैं. खेतों और पेड़ों पर मरे सैकड़ों बगुलों के शवों को देखकर हर कोई हैरान रह गया. आखिर उनकी मौत कैसे हुई इसकी जांच की जा रही है. फिलहाल करीब 100 से अधिक मृत बगुलों को दफना दिया गया है.
आपको बता दे, जांच की रिपोर्ट आने के बाद ही साफ हो पाएगा कि इन बगुलों की मौत का असली कारण क्या है. हालांकि बगुलों की रहस्यमय मौतों से लोगों के बीच डर का माहौल है, जिस इलाके में इन बगुलों की मौत हुई है वहां पर दूर- दूर तक गंदगी देखी जा सकती है और यहां पर मीट की काफी फैक्ट्रियां हैं. इन मौतों के पीछे गंदगी को एक बड़ी वजह भी माना जा रहा है.
स्थानीय प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वो मरे हुए बगुलों के संपर्क में आने से बचें और घटनास्थल से दूरी बनाए रखें. इससे कुछ बड़ी बीमारी का खतरा भी बढ़ सकता है. DFO सतीश कुमार ने कहा कि एक मरे और एक बेहोशी की हालत में मिले बगुले को जांच के लिए लैब में भेज दिया गया है. बगुलों की मौत का असली कारण तो जांच के बाद ही पता चल पाएगा. लेकिन खेतों में डाली गई कीटनाशक दवाई भी इसकी एक बड़ी वजह समझी जा रही है. प्रशासन ने किसानों से अपील है कि वह कीटनाशक दवाओं का कम इस्तेमाल करें.













आपको बता दे, लखनऊ का रहनेवाला मरीज निशातगंज का निवासी है, जबकि दूसरा मरीज लखीमपुर का रहने वाला है. दोनों मरीजों को फिलहाल केजीएमयू में भर्ती कराया गया है. लखीमपुरवाले मरीज के लिये उसके जिले के सीएमओ को सूचित किया गया है जिससे कि उसके सम्पर्क मे आनेवाले व्यक्तियों की जांच की जा सके. अब तक भारत में 175 केस पाए जा चुके है. और तीन लोगों की जान जा चुकी है. इस वायरस से अब इटली में तबाही मची है. अभी तक चीन में सबसे ज्यादा विनाशकारी प्रभाव रहा है. लेकिन अब ये इटली में बहुत जोरो से तबाही फैला रहा है.


