लखनऊ। उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मॉब लिचिंग की घटनाओं पर रोकथाम के लिए गोसेवा आयोग के साथ मिलकर एक रोडमैप तैयार किया है।
मुख्यमंत्री कार्यालय ने बताया कि यदि कोई व्यक्ति एक स्थान से दूसरे स्थान पर गोवंश ले जाता है, तो गोसेवा आयोग उसे प्रमाणपत्र देगा। सुरक्षा की जिम्मेदारी भी आयोग की ही होगी, ताकि लिंचिंग जैसी घटनाओं को रोका जा सके।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ ने आयोग को यह भी सुनिश्चित करने के लिए कहा है कि चोरी-छिपे चल रही गो-तस्करी की घटनाओं को रोका जाए। पहले से चल रही गोशालाओं के निरीक्षण का भी आदेश दिया।
गायपालकों को आर्थिक मदद
CM योगी ने आयोग के अधिकारियों को निर्देश दिया है कि गोशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने पर काम करें। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि दो गाय रखने वाले किसानों को चारे के लिए 30 रुपए रोज के हिसाब से आर्थिक मदद मुहैया कराएं। CM ने गायों और गोपालकों की सुरक्षा और गोशालाओं को बेहतर बनाने के लिए कई सुझाव भी पेश किए। यह भी कहा कि मवेशियों को एक जगह से दूसरे जगह ले जाते समय क्रूरता न हो, इसके लिए लोगों को भी जागरूक करने की जरूरत है।
स्पोर्ट्स डेस्क। इंग्लैंड में चल रहे वर्ल्ड कप में टीम इंडिया के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह के बेहतरीन प्रदर्शन से पूरे देश के लोगों की आंखों में छाए हैं। वहीं क्रिकेट के मैदान में धुरंधरों को क्लीन बोल्ड करने वाले जसप्रीत बुमराह रियल लाइफ में खुद एक हसीना के सामने क्लीन बोल्ड हो गए हैं।
हालांकि टीम इंडिया के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह खुद इस बात से इंकार कर चुके हैं। लेकिन अब साउथ एक्ट्रेस अनुपमा परमेश्वरन के दिए इंटरव्यू ने इन दोनों के प्यार पर मुहर लगा दी है।
साउथ एक्ट्रेस अनुपमा परमेश्वरम जो अपनी सुपरहिट फिल्मों के लिए जानी जाती हैं, ‘तेज’ ‘आई लव यू’, ‘प्रेमम’, ‘कोडी’, ‘हैलो’ जैसी फिल्मों से टॉप एक्ट्रेस की दौड़ में शामिल हुई अनुपमा ने हाल ही में मीडिया से बातचीत में अपने और जसप्रीत बुमराह के रिश्ते पर काफी खुलकर बात की। जब उनसे पूछा गया कि क्या वह बहुत लंबे समय से, दोनों एक-दूसरे को डेट कर रहे हैं? तो अनुपमा ने सभी अफवाहों का खंडन किया और कहा कि दोनों सिर्फ अच्छे दोस्त हैं।
जानकारी के मुताबिक, अनुपमा ने कहा कि वह जसप्रीत को डेट नहीं कर रही हैं। इसके बाद अनुपमा ने कहा कि हम दोनों जैसी फील्ड में हैं वहां लिंक अप और अफवाहें आम हैं, इसलिए मैं इन बातों पर ज्यादा बात नहीं करती। लेकिन उन्होंने इस को भी स्वीकारा कि वह और जसप्रीत काफी अच्छे दोस्त हैं। मौका मिलने वह मिलते भी हैं।
बता दें कि अनुपमा से पहले जसप्रीत बुमराह का नाम साउथ की ही एक्ट्रेस राशि खन्ना से भी जोड़ा गया था। लेकिन राशी ने इस बात पर कहा था, “मैं उन्हें व्यक्तिगत रूप से नहीं जानती और मैंने उससे कभी मुलाकात नहीं की। मुझे पता है कि वह एक क्रिकेटर है।
New Delhi. लोकसभा चुनाव में बंपर जीत के बाद आज BJP संसदीय दल की दूसरी बैठक हो रही है। संसद भवन की लाइब्रेरी बिल्डिंग के जीएमसी बालयोगी सभागार में हो रही इस बैठक में पीएम नरेंद्र मोदी के अलावा पार्टी के लोकसभा और राज्यसभा के सभी सांसद शामिल हैं।
इस बैठक में शामिल होने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह संसद भवन पहुंच चुके हैं। बैठक में पीएम मोदी के साथ ही केंद्रीय मंत्री कैलाश चंद मेघवाल और डॉ जितेंद्र सिंह भी शामिल हुए।
केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने मीडिया को बताया, ‘संसदीय दल की बैठक में पीएम मोदी ने सभी सांसदों को 2 अक्टूबर (गांधी जयंती) से लेकर 31 अक्टूबर (सरदार पटेल जयंती) तक सभी सांसदों को अपने-अपने क्षेत्र में 150 किलो मीटर पदयात्रा निकालने का निर्देश दिया है। सांसद को हर रोज 15 किलोमीटर की पदयात्रा करनी है।’
इसके लिए अलग-अलग ग्रुप बनेंगे और सांसद एक दिन एक ग्रुप के साथ पदयात्रा करेंगे। इसमें BJP विधायक, कार्यकर्ता सभी शामिल होंगे। रोज 15 किमी की पदयात्रा करेंगे और सभी बूथ कवर करेंगे। राज्यसभा सांसदों को भी संसदीय क्षेत्र अलॉट होगा। पदयात्रा के माध्यम से गांधी जी के विचारों , शिक्षाओं का प्रचार करेंगे और वृक्षारोपण करेंगे। पीएम मोदी ने कहा कि संकल्प यात्रा में जो भी कहा गया था, वह भविष्य की हमारी दृष्टि में परिलक्षित होना चाहिए।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसदीय दल की बैठक में बजट 2019 को दूरदर्शी बजट बताते हुए कहा कि यह 10 साल का बजट है।
आपको बता दें कि इससे पहले पिछले सप्ताह (2 जुलाई) हुई BJP संसदीय दल की पहली बैठक में पीएम नरेंद्र मोदी ने आकाश विजयवर्गीय मामले को लेकर नाराजगी व्यक्त की थी। पीएम मोदी ने दो टूक कहा कि ऐसे लोगों को पार्टी से बर्खास्त कर देना चाहिए।
मुंबई ।। पाकिस्तान अक्सर ऐसा कुछ कर बैठता है, जिससे उनकी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खिल्ली उड़ जाती है। अभी हाल ही में पाकिस्तान की तरफ से दावा किया गया कि सितंबर में प्रधानमंत्री इमरान खान और रूसी प्रेसिडेंट व्लादिमीर पुतिन की मुलाकात होनी है।
यही नहीं, प्रधानमंत्री इमरान खान के हवाले से पाकिस्तानी मीडिया में भी इस बात के जमकर दावे किए गए कि पाक पीएम पूर्वी आर्थिक फोरम के लिए आमंत्रित किए गए हैं। हालांकि, इस खबर पर रूस ने झूठ बताया है। मंगलवार को रूसी विदेश मंत्रालय ने इस बारे में ट्वीट कर सफाई दी।
रूसी विदेश मंत्रालय ने इस मामले में एक ट्वीट कर न केवल पाकिस्तानी दावों को झूठलाया बल्कि उनके बारे में जानकारी दी, जिन्हें इस फोरम के लिए आमंत्रण दिया गया था। विदेश मंत्रालय ने बताया कि व्लादिवोस्तोक में हो रहे इस सम्मेलन में मंगोलिया के राष्ट्रपति एच बट्टूल्गा, भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मलेशिया के प्रधानमंत्री एम.मोहम्मद और जापान के पीएम शिंजो आबे को निमंत्रण दिया गया है।
विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान के उन मीडिया रिपोर्ट्स का हवाला भी दिया, जिनमें दावा किया जा रहा था कि बिश्केक में पुतिन ने इमरान खान को आमंत्रण दिया था।
फैशन डेस्क. काजल यकीनन आंखों को बेहद खूबसूरत बनाता है, बस जरूरत है कि आप काजल लगाते समय इन गलतियों को करने से बचें।
जब भी आईमेकअप की बात होती है तो काजल का नाम सबसे पहले आता है। कई बार लड़कियां आईमेकअप के दौरान आईशैडो या लाइनर स्किप कर देती हैं, लेकिन काजल जरूर लगाती हैं। अमूमन काजल लगाना उन्हें बेहद आसान लगता है। इतना ही नहीं, यह आंखों को भी एक डिफाइन लुक देते हैं।
आप सच में काजल से अपनी आंखों की खूबसूरती को निखारना चाहती हैं तो यह जरूरी है कि आप उसे सही तरह से लगाएं। कई बार लड़कियां काजल लगाते समय कुछ गलतियां कर बैठती हैं और इसके बारे में उन्हें खुद भी नहीं पता होता। जिससे उनकी आंखों की खूबसूरती सही तरह से निखरकर सामने नहीं आती। अगर आप चाहती हैं कि आपके साथ ऐसा न हो तो आप इस लेख के जरिए गलतियों को जानकर उसे करने से बचें। तो चलिए जानते हैं काजल लगाते समय की जाने वाली कुछ गलतियों के बारे में-
गलत काजल का चुनाव
काजल लगाने से पहले जरूरी है कि सही काजल का चयन किया जाए। गर्मी और बारिश के दिनों में काजल के फैलने का डर बना रहता है। इसलिए हमेशा वाटरप्रूफ काजल को ही इस्तेमाल करना चाहिए। आपका काजल चाहे कितने भी अच्छे ब्रांड का क्यों न हो, लेकिन अगर वह वाटरप्रूफ नहीं है तो इससे आपको परेशानी उठानी पड़ सकती है।
लगाने का तरीका
जी हां, काजल को कई तरह से लगाया जाता है और आप कोशिश करें कि उसे सही तरह से लगाएं।काजल लगाने का सबसे बेस्ट तरीका है कि आप उसे आंखों के इनर कार्नर से शुरू करें और फिर आउटर कार्नर तक लेकर जाएं। साथ ही काजल लगाते समय इस बात का भी ध्यान रखें कि पूरी आंखों पर काजल स्ट्रोक्स एकसमान हों। कई बार ऐसा होता है कि एक आंख में काजल गहरा होता है और दूसरे में लाइट। इससे वह उतना अच्छा नहीं लगता।
ब्राइट कलर्स का इस्तेमाल
आजकल काजल में सिर्फ ब्लैक कलर का ही इस्तेमाल नहीं किया जाता, बल्कि कलर्स की शेड्स से आंखों की खूबसूरती निखारी जाती है। पर अक्सर लड़कियां अलग दिखने के लिए ब्राइट कलर्स का ही इस्तेमाल करती है। आप ऐसे कलर्स को चुनें, जो आपकी आंखों को कॉम्पलिमेंट करती हों। कई बार पिंक व ब्लू कलर का इस्तेमाल करने से वह आंखों पर अजीब लगता है।
अगर हैं छोटी आंखें
जिन लड़कियों की आंखे छोटी या हूडेड हैं, उन्हें थिक काजल लगाने से बचना चाहिए। अगर आप लोअर और अपर लैशेज लाइन पर काजल की मोटी लाइन लगाती हैं, तो इससे आपकी आंखें और भी अधिक छोटी नजर आती हैं। इसलिए आप अपर आईलैशेज पर काजल की पतली लेयर लगाएं और नीचे की तरह आपका काजल गहराई में हो। इससे आंखें बड़ी-बडी नजर आती है।
मनोरंजन डेस्क. सपना चौधरी का डांस स्टाइल हमेशा ही लोगों का दिल जीतने में कामयाब रहता है, ऐसे में अब सपना का एक ऐसा वीडियो सामने आया है जिसे देखते ही लोग उनकी तारीफ करते नहीं थक रहे। क्योंकि सपना यहां कुछ स्पेशल डांस पार्टनर्स के साथ डांस करती दिख रही हैं। सपना के इस वीडियो में उनके साथ कोई बॉलीवुड सेलेब्रिटी नहीं बल्कि कुछ प्यारे-प्यारे बच्चे हैं। जो उनके फेमस डांस नंबर ‘तेरी आंख्या…’ पर जमकर डांस कर रहे हैं।
गौरतलब है कि अक्सर अपने डांस और गानों से सुर्खयों में रहने वाली सपना चौधरी ने रविवार को दिल्ली के जवाहर लाल स्टेडियम में बीजेपी जॉइन कर लिया। लेकिन इस खबर के साथ ही उनका यह विडियो इंटरनेट पर छाया हुआ है। देखिए यह वीडियो…
इस वीडियो की बता करें तो इसमें सपना किसी स्टेज पर नहीं बल्कि एक बच्चों के ग्रुप के साथ डांस कर रही हैं। देखने से लग रहा है जैसे सपना किसी डांस क्लास में बच्चों का हौसला बढ़ाने आई हैं, या फिर किसी पहचान वाले के घर पर किसी बर्थडे पार्टी में बिंदास बच्चों के साथ बच्चा बनकर एंजॉय कर रही हैं। सपना अपने ही एक पॉप्युलर गाने ‘तेरी आंख्या का यो काजल…’ पर बच्चों संग डांस कर रही हैं।
हेल्थ डेस्क. बारिश के वक्त कॉलेज और ऑफिस जाने वाले लोग अपने आउटफिट को लेकर काफी चिंतित रहते हैं। स्टाइल और सेहत के लिहाज से इसके बारे में सोचना जरूरी भी है। आइए आपको बताते हैं बरसात के दिनों में आपको किन चीजों को ध्यान में रखकर आउटफिट का सेलेक्शन करना चाहिए।
अपर पार्ट
बता दें की बारिश में कॉटन शर्ट पहनना एक अच्छा विकल्प है। सिंथेटिक कपड़े से बनी शर्ट गीली होने के बाद शरीर से चिपक जाती है और इससे शरीर में एलेर्जी होने के चांसेस भी काफी बढ़ जाते हैं। बारिश के पानी अक्सर नए कपड़ों का भी रंग खराब कर देते हैं। इसलिए कोशिश करें कि हल्के रंग के ही कपड़े पहनें।
लोअर्स
ऑफिस पहनकर जाने के लिए स्कर्ट्स बेस्ट ऑप्शन हैं। आप फिटेड ए-लाइन स्कर्ट का चयन कर सकती हैं। पैंट्स भी आजकल ट्रेंड में हैं, लेकिन ऐसे समय में लंबे और ढीले ट्राउजर्स पहनने से बचना चाहिए।
एक्सेसरीज
सोलिटेयर्स, हूप्स और वॉटर प्रूफ घड़ी आपके लुक को स्टाइलिश बना सकती है। खासतौर पर चंकी बेल्ट्स लगाने से परहेज करें। रबर बैग भी बहुत वक्त तक आपका साथ नहीं दे पाएंगे। स्टालिश दिखने के लिए आप कलरफुल छाते का भी इस्तेमाल कर सकते हैं।
फुटवियर
ऐसे जूते या सैंडिल का इस्तेमाल करें जो आपके पैरों को कीचड़ और बरसात के पानी से बचाए। आप ऐसे रंगों के जूतों का इस्तेमाल कर सकती हैं जो जल्दी गंदे न हों।
इन बातों का रखें ख़ास ध्यान-
सिल्क और क्रेप के ड्रेस मटेरियल को कुछ वक्त तक अलमारी में ही रहने दें। ब्लॉक हिल्स नहीं पहनें और काले, ग्रे कलर के इस्तेमाल से परहेज ही करें।
करियर डेस्क. उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने भर्ती परीक्षाओं के लिए इस साल का कैलेंडर जारी कर दिया है। इसमें 10 विभागों के 5709 पदों पर भर्ती परीक्षाएं 28 जुलाई से शुरू होकर 24 दिसंबर तक चलेंगी।
इसमें जून माह में निकाले गए 21 विभागों के कनिष्ठ सहायक के 1186 पदों पर भर्ती परीक्षा का कार्यक्रम भी घोषित किया गया। कुल 5709 पदों के लिए होने वाली 10 परीक्षाओं में 17,30,866 परीक्षार्थी शामिल होंगे। जुलाई व अगस्त को छोड़कर हर महीने में दो-दो परीक्षाएं कराई जाएंगी।
भर्ती के लिए पारदर्शी व्यवस्था
आयोग के सचिव आशुतोष मोहन अग्निहोत्री ने सोमवार को इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है। अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने भर्ती परीक्षाओं के लिए पारदर्शी व्यवस्था लागू करते हुए सभी परीक्षाओं की स्थिति साफ की है।
आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि कौन-कौन भर्तियों की जांच प्रक्रिया चल रही है और उसकी वस्तु स्थिति क्या है। आयोग का मानना है कि भर्ती परीक्षाओं में धांधली रोकने के लिए पारदर्शी व्यवस्था लागू करने अनिवार्य है।
सचिव ने कहा है कि परीक्षाओं की प्रस्तावित तिथियां विशेष परिस्थितियों में बदल भी सकती हैं। परीक्षा नियंत्रक विपिन कुमार मिश्र के मुताबिक नौ विभागों के 9913 पदों पर भर्ती के लिए अब तक परीक्षाएं कराई जा चुकी हैं।
मुंबई ।। अमेरिकी विदेश सचिव माइक पोम्पियो ने ईरान को लेकर चौंकाने वाला बयान दिया है। विदेश सचिव ने बताया कि अभी तक ट्रंप प्रशासन ने ईरान से उम्मीद नहीं छोड़ी है। हम तेहरान पर इसी तरह तब तक दबाव बनाएंगे जब तक वो अपने परमाणु हथियार बनाने के मंसूबों को छोड़ नहीं देता।
सोमवार को विदेश सचिव पोम्पियो ‘क्रिश्चियन यूनाईटेड फॉर इजराइल’ नाम के एक समारोह में भाग लेने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने ईरान को लेकर अमेरिका के रूख के बारे में बात की। पोम्पियो ने बताया कि हमने ईरान पर इतिहास में अब तक का सबसे ज्यादा दबाव बनाया है और हम अभी तक इससे संतुष्ट नहीं हैं। हमने ईरान को दी जा रही अरबों की फंडिंग को रोक दिया, ईरान जिसका संभावित प्रयोग अपने खतरनाक इरादों को पूरा करने में लगा सकता था।
इसके साथ पोम्पियो ने अमेरिका ने अपने हितों की सुरक्षा का हवाला देते हुए ईरान पर और कड़े आर्थिक पाबंदी लगाने की धमकी दी है। उन्होंने कहा कि मैं स्पष्ट तौर पर कहना चाहता हूं कि ईरान को अमेरिकी धैर्य और संकल्प की परीक्षा नहीं लेनी चाहिए। हम बेहतर की उम्मीद करते हैं, लेकिन अमेरिका व उसकी आर्मी खाड़ी क्षेत्र में अपने हितों और नागरिकों की रक्षा करने के लिए हमेशा तैयार है।
उत्तर प्रदेश ।। मोदी सरकार द्वारा घोषित नई बिजली टैरिफ नीति में किए गए नवीन प्रावधानों के मुताबिक, अब बिजली सब्सिडी सीधे ग्राहकों के बैंक A/c में आएगी। इतना ही नहीं सरकार अब अघोषित बिजली कटौती करने वाली कंपनियों पर भारी जुर्माना भी लगाएगी।
इस मसौदे को मोदी सरकार की शक्ति मंत्रालय (मिनिस्ट्री ऑफ पावर) ने तैयार किया है। जिसे अगस्त महाने से शुरू भी किया जाएगा। इस मसौदे में किए गए प्रावधानों के कारण बिजली चोरी रोकने में सहायता मिलेगी और उपभोक्ताओं को अघोषित बिजली कटौती का सामना नहीं करना पड़ेगा।
अब उपभोक्ताओं से कंपनियां इस्तेमाल की गई बिजली की मात्रा से अधिक का बिल नहीं वसूल पाएंगी। अब तक ट्रांसमिशन व डिस्ट्रीब्यूशन के दौरान हुई बिजली हानि को भी उपभोक्ताओं के खाते में जोड़ दिया जाता है। कंपनियां अब केवल उतनी ही बिजली जोड़ पाएंगी, जितनी की आपूर्ति की गई है।
नई टैरिफ नीति के प्रावधानों के मुताबिक, अगले 3 साल में हर घर में बिजली कनेक्शन और स्मार्ट मीटर लगाया जाएगा। ग्राहकों को आसान किस्तों पर स्मार्ट मीटर उपलब्ध कराने की रणनीति है।