गोरखपुर। मोदी सरकार में सामाजिक न्याय और आधिकारिता राज्यमंत्री व RPI के अध्यक्ष Ramdas Athawale ने नागरिकता संसोधन कानून को लेकर एक बड़ा बयान दिया है।

अठावले ने कहा कि नागरिकता संशोधन कानून मुसलमानों का विरोधी नहीं है। भारत में रहने वाले मुस्लिम समुदाय के लोगों को किसी के उकसावे में नहीं आना चाहिए। यह कानून पड़ोसी देशों से शरण के लिए भारत आए हिन्दू, जैन, बौद्ध, सिख, पारसी और ईसाई लोगों को भारतीय नागरिकता देने से संबंधित है। यह किसी के साथ अन्याय करने वाला कानून नहीं है। अठावले ने ये बातें कुशीनगर में आयोजित एक कार्यक्रम से वापस लौटने के दौरान कही।
Ramdas Athawale ने कहा कि कानून से भारतीय मुसलमानों को डरने की जरूरत नहीं है। पूर्वोत्तर राज्यों में वहां के मूल निवासी इस कानून के बारे में ठीक से समझ ही नहीं रहे हैं, इसलिए विरोध कर रहे हैं।
प्रत्येक भारतीय को देश के किसी भी राज्य में रहने का अधिकार है। यदि किसी को विरोध करना है तो विरोध शांतिपूर्ण ढंग से होना चाहिए। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र सरकार में गठबंधन नैसर्गिक नहीं है। सावरकर को लेकर शिवसेना व कांग्रेस में मतभेद बढ़ता जा रहा है। सावरकर का शिवसेना बचाव कर रही है और कांग्रेस विरोध में है।














